शिमला। हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला के संजौली क्षेत्र से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहाँ एक नाबालिग लड़की के साथ कथित तौर पर छेड़छाड़ और वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने का मामला गरमा गया है। पुलिस द्वारा एफआईआर दर्ज होने के बाद भी 24 घंटे तक आरोपियों की गिरफ्तारी न होने से नाराज स्थानीय लोगों और देवभूमि संघर्ष समिति के कार्यकर्ताओं ने शनिवार को संजौली में जोरदार प्रदर्शन किया और चक्काजाम कर दिया।

बढ़ते जनआक्रोश को देखते हुए पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए आरोपियों को हिरासत में ले लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।
उत्तर प्रदेश के युवकों पर वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने का आरोप
मिली जानकारी के अनुसार, पीड़िता का आरोप है कि उत्तर प्रदेश के रहने वाले दो युवकों ने पहले उसका एक वीडियो बनाया। इसके बाद आरोपी उस वीडियो के दम पर उसे ब्लैकमेल करने लगे।
पीड़िता ने बताया कि आरोपियों ने उसे दुकान पर बुलाया और उसके साथ गलत तरीके से छेड़छाड़ का प्रयास किया। इस घटना के बाद पीड़िता मानसिक रूप से बेहद परेशान थी, जिसके बाद मामले की शिकायत महिला पुलिस थाने में दर्ज कराई गई।
गिरफ्तारी में देरी पर भड़का लोगों का गुस्सा
मामले में एफआईआर दर्ज होने के बावजूद जब 24 घंटे के भीतर आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई, तो संजौली में माहौल तनावपूर्ण हो गया। देवभूमि संघर्ष समिति के बैनर तले सैकड़ों कार्यकर्ता और स्थानीय लोग सड़कों पर उतर आए।
सड़क पर घुमाया: प्रदर्शनकारियों ने संजौली में चक्काजाम किया और आरोपियों को सड़क पर घुमाते हुए उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग की।
पीड़िता की मांग: प्रदर्शन के दौरान खुद नाबालिग पीड़िता ने भी सामने आकर अपनी आपबीती बताई। उसने कहा कि आरोपियों ने उसकी गरिमा को ठेस पहुंचाई है, इसलिए उन्हें कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए।
देवभूमि संघर्ष समिति के संयोजक विजय शर्मा का बयान:
“हमने पुलिस प्रशासन को आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए 24 घंटे का अल्टीमेटम दिया था। लेकिन तय समय में कार्रवाई न होने के कारण जनता को सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर होना पड़ा। नाबालिग बच्चियों से जुड़े ऐसे गंभीर मामलों में पुलिस को तुरंत एक्शन लेना चाहिए ताकि कानून व्यवस्था पर आम जनता का भरोसा कायम रहे।”
पुलिस ने दोनों आरोपियों को लिया हिरासत में
हंगामे और भारी विरोध प्रदर्शन की सूचना मिलते ही संजौली थाना पुलिस भारी बल के साथ मौके पर पहुंची। पुलिस ने उग्र भीड़ को शांत कराया और दोनों आरोपी युवकों को हिरासत में ले लिया।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पीड़िता के बयान और सबूतों के आधार पर कानून के मुताबिक सख्त से सख्त आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। फिलहाल क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात है।



