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राहुल गांधी सिख बयान मामला,वाराणसी कोर्ट में टला आदेश,अब 16 जून को होगी अगली सुनवाई,जानें पूरा विवाद

वाराणसी। कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के खिलाफ अमेरिका में सिखों को लेकर दिए गए विवादित बयान के मामले में शनिवार को वाराणसी की अदालत से आदेश नहीं आ सका। विशेष न्यायाधीश यजुवेंद्र विक्रम सिंह के अवकाश पर होने के कारण कोर्ट का फैसला टल गया। अदालत ने अब इस मामले में आदेश पारित करने के लिए आगामी 16 जून की तिथि मुकर्रर की है।

राहुल गांधी सिख बयान मामला,वाराणसी कोर्ट में टला आदेश,अब 16 जून को होगी अगली सुनवाई,जानें पूरा विवाद
राहुल गांधी सिख बयान मामला,वाराणसी कोर्ट में टला आदेश,अब 16 जून को होगी अगली सुनवाई,जानें पूरा विवाद

इस संवेदनशील और हाईप्रोफाइल मामले पर राजनीतिक और कानूनी गलियारों की निगाहें टिकी हुई हैं।

क्या है पूरा मामला और विवाद?
यह पूरा विवाद सितंबर 2024 में राहुल गांधी की अमेरिका यात्रा के दौरान दिए गए एक बयान से जुड़ा है। वाशिंगटन डीसी में एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने भारत में सिखों की धार्मिक स्वतंत्रता को लेकर टिप्पणी की थी।

बयान पर आपत्ति: वाराणसी के आशापुर निवासी पूर्व प्रधान नागेश्वर मिश्र ने राहुल गांधी के इस बयान पर गहरी आपत्ति जताई थी। उनका आरोप था कि इस बयान से सिखों और भारतीय समाज की भावनाएं आहत हुई हैं।

कोर्ट में अर्जी: इस बयान को लेकर नागेश्वर मिश्र ने 26 सितंबर 2024 को वाराणसी की अदालत में राहुल गांधी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के लिए एक प्रार्थना पत्र दाखिल किया था।

निचली अदालत से लेकर हाईकोर्ट तक का कानूनी सफर
पिछले दो वर्षों में यह मामला कई कानूनी मोड़ों से होकर गुजरा है:

निचली अदालत से खारिज: अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट एमपीएमएलए नीरज कुमार त्रिपाठी ने 28 नवंबर 2024 को नागेश्वर मिश्र के इस प्रार्थना पत्र को आधारहीन मानते हुए निरस्त कर दिया था।

जिला जज की कोर्ट में पुनरीक्षण याचिका: निचली अदालत के इस फैसले के खिलाफ नागेश्वर मिश्र ने जिला जज की अदालत का दरवाजा खटखटाया और एक पुनरीक्षण याचिका दायर की।

विशेष अदालत का यूटर्न: मामले की सुनवाई के बाद विशेष न्यायाधीश यजुवेंद्र विक्रम सिंह ने 21 जुलाई 2025 को नागेश्वर मिश्र की पुनरीक्षण याचिका को मंजूर कर लिया। साथ ही, उन्होंने निचली अदालत को इस प्रार्थना पत्र पर दोबारा सुनवाई करने का आदेश जारी किया।

हाईकोर्ट पहुंचे राहुल गांधी: विशेष अदालत के इस आदेश से असंतुष्ट होकर कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने 26 अगस्त 2025 को इलाहाबाद हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर इसे चुनौती दी थी।

अब 16 जून पर टिकी निगाहें
शनिवार को इस मामले की फाइल आदेश के लिए जज की मेज पर थी, लेकिन उनके अवकाश पर रहने के कारण कार्यवाही को आगे बढ़ा दिया गया। अब 16 जून को देखना होगा कि एमपीएमएलए कोर्ट इस पुनरीक्षण याचिका और मामले की भविष्य की दिशा पर क्या रुख अपनाती है।

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