Kanpur Mayor Pramila Pandey: नगर निगम सदन से निष्कासित पार्षद पवन गुरुवार को प्राकृतिक खेती कृषि सम्मेलन के दौरान सीएम योगी आदित्यनाथ तक अपनी बात पहुंचाने का प्रयास किया। कार्यक्रम समाप्त होने पर सीएम बाहर निकले तो कैलाश सभागार की गैलरी पर खड़े पार्षद ने आवाज लगाकर मुख्यमंत्री का ध्यान अपनी तरफ आकर्षित करने की कोशिश की।

सीएम योगी आदित्यनाथ के साथ मौजूद अधिकारियों ने पार्षद का ज्ञापन लेकर कार्रवाई का आश्वासन दिया। वहीं महापौर प्रमिला पांडेय बीजेपी पदाधिकारियों पर भड़क गईं। जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। अशोक नगर वार्ड 37 से बीजेपी पार्षद पवन गुप्ता पिछले कई महीने से अपने निष्कासन का विरोध कर रहे हैं।
नाराज हुई महापौर प्रमिला पांडेय
पवन गुप्ता की जानकारी मिलते ही महापौर प्रमिला पांडेय कार्यक्रम स्थल के बाहर पार्टी पदाधिकारियों पर नाराज हो गईं। उन्होंने सवाल उठाया कि निष्कासित पार्षद कार्यक्रम में कैसे पहुंच गया। बीजेपी उत्तर जिलाध्यक्ष अनिल दीक्षित से जवाब मांगा। उन्होंने कहा कि मुझे इसकी जानकारी नहीं है।
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वहीं पास में खड़े के क्षेत्रीय अध्यक्ष प्रकाश पाल नहीं अनभिज्ञता जताई। कार्यक्रम के बाद पवन गुप्ता ने दावा किया कि उन्होंने मुख्यमंत्री को नगर निगम के भ्रष्टाचार संबंधी मामलों से अवगत कराया है। मुख्यमंत्री के सलाहकार अवनीश अवस्थी से भी मुलाकात कर शिकायत कराई है।
हंगामे और अनुशासनहीनता के आरोप में किया गया था निलंबित
बता दें कि कानपुर सदन से निष्कासित पार्षद पवन गुप्ता अशोक नगर वार्ड से हैं। पवन गुप्ता और पार्षद अंकित मौर्य को महापौर प्रमिला पांडेय ने 26 दिसंबर 2025 को हंगामे और अनुशासनहीनता का आरोप लगाते हुए सदन की आगामी चार बैठकों से निलंबित कर दिया था।



