Nagpur MD Drugs Crime News: नागपुर प्रेमिका द्वारा बातचीत बंद किए जाने से नाराज प्रेमी ने उसे ड्रग्स बेचने के झूठे मामले में फंसाने की साजिश रच डाली। उसने प्रेमिका की मोपेड में एमडी छिपाकर पुलिस को सूचना दे दी कि वह नशीले पदार्थों की तस्करी कर रही है। हालांकि पुलिस की सतर्कता और सीसीटीवी फुटेज की जांच से पूरी साजिश का पर्दाफाश हो गया।

इसके बाद पुलिस ने आरोपी प्रेमी को गिरफ्तार कर लिया। पकड़ा गया आरोपी परिश्रम कॉलोनी, म्हालगीनगर निवासी गोपाल किसन झोडगे बताया गया। गोपाल विवाहित है और नरसाला में आटा चक्की संचालित करता है।
करीब 8 महीने पहले गोपाल की पहचान 35 वर्षीय तलाकशुदा महिला से हुई थी। दोनों के बीच प्रेम संबंध स्थापित हो गए थे लेकिन गोपाल के अजीबोगरीब स्वभाव और व्यवहार के कारण डेढ़ महीने पहले महिला ने उससे दूरी बना ली और बातचीत भी बंद कर दी। इससे नाराज होकर गोपाल ने उसे सबक सिखाने का प्लान बनाया।
प्रेमिका को झूठे ड्रग्स केस में फंसाने की साजिश
झूठे आपराधिक मामले में फंसाने के लिए उसने ड्रग्स खरीदी। रविवार रात महिला अपनी सहेलियों के साथ वाड़ी थाना क्षेत्र के तवक्कल लेआउट स्थित एक पिज्जा दुकान पर गई थी। उसने अपनी मोपेड पार्किंग में खड़ी की। इसी दौरान गोपाल वहां पहुंचा और उसने मोपेड के फुटरेस्ट के नीचे करीब 8.9 ग्राम एमडी छिपा दी।
इसके बाद गोपाल ने पुलिस को सूचना दी कि संबंधित महिला ड्रग्स की तस्करी करती है और उसने अपनी मोपेड में एमडी छिपाकर रखी है। सूचना मिलते ही की इंस्पेक्टर शुभांगी देशमुख, एपीआई सचिन मत्ते, पीएसआई मनोज राऊत और उनकी टीम मौके पर पहुंच गई। तलाशी के दौरान पुलिस को मोपेड से एमडी बरामद हुई। वाहन महिला के नाम पर होने के कारण पुलिस ने उससे पूछताछ शुरू की।
CCTV फुटेज से खुलासा
जानकारी होने र महिला ने ड्रग्स के बारे में कोई भी होने से इनकार किया। उसने पूरी हिम्मत के साथ पुलिस के सवालों का जवाब दिया। इसी दौरान उसने गोपाल का नाम भी लिया। पुलिस ने सूचना देने वाले का पता लगाया, गोपाल ने ही पुलिस को सूचना दी थी। पुलिस ने पिज्जा दुकान और पार्किंग एरिया की सीसीटीवी फुटेज खंगाली।
फुटेज खंगालने पर गोपाल महिला की मोपेड के पास संदिग्ध गतिविधि करते हुए दिखाई दिया। तत्काल पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया। सख्ती से पूछताछ करने पर उसने महिला को फंसाने के इरादे से उसकी मोपेड में रखने की कबूली दी। गोपाल को गिरफ्तार कर वाड़ी थाने में एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया। आगे की जांच वाड़ी पुलिस कर रही है।



