BusinessIndia

चांदी की कीमत में भारी गिरावट, प्रति किलोग्राम ₹5,000 लुढ़का भाव

Silver price today per kg : भारतीय सर्राफा बाजार से एक बेहद चौंकाने वाली खबर सामने आ रही है, जिसने निवेशकों से लेकर आम खरीदारों तक को हैरत में डाल दिया है। पिछले काफी समय से आसमान छू रही चांदी की कीमतों में आज एक ही झटके में ऐतिहासिक गिरावट दर्ज की गई है। वैश्विक बाजारों से मिले कमजोर संकेतों और घरेलू स्तर पर बिकवाली के भारी दबाव के चलते चांदी के दाम औंधे मुंह गिर पड़े हैं। आज सुबह जैसे ही सर्राफा बाजार खुला, चांदी की कीमतों में आई इस अप्रत्याशित गिरावट ने व्यापारिक गलियारों में हलचल तेज कर दी। बाजार के जानकारों का मानना है कि यह हाल के दिनों में दर्ज की गई सबसे बड़ी गिरावटों में से एक है, जिसने बाजार की भावी दिशा को लेकर नई बहस छेड़ दी है।

चांदी की कीमत में भारी गिरावट, प्रति किलोग्राम ₹5,000 लुढ़का भाव

बाजार से प्राप्त आधिकारिक और विस्तृत आंकड़ों के अनुसार, आज चांदी की कीमत में प्रति किलोग्राम ₹5,000 की भारी कटौती देखी गई है। इस बड़ी गिरावट के बाद चांदी का भाव कल के ₹2,40,000 प्रति किलोग्राम के स्तर से गिरकर आज ₹2,35,000 प्रति किलोग्राम पर आ गया है। खुदरा बाजार में आभूषण निर्माताओं और छोटे खरीदारों के लिए भी यह राहत या कहें तो एक बड़ा झटका बनकर आया है। आज प्रति एक ग्राम चांदी की कीमत में ₹5 की कमी दर्ज की गई है, जिसके बाद इसका मूल्य ₹235 पर पहुंच गया है, जो कल ₹240 था। इसी तरह 8 ग्राम चांदी का भाव आज ₹1,880 और 10 ग्राम चांदी का भाव ₹2,350 दर्ज किया गया है, जिसमें क्रमशः ₹40 और ₹50 की गिरावट आई है। वहीं 100 ग्राम चांदी खरीदने वालों को आज ₹23,500 चुकाने होंगे, जो कल की तुलना में ₹500 सस्ता है।

वित्तीय विश्लेषकों और सर्राफा एसोसिएशन के आधिकारिक सूत्रों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर औद्योगिक मांग में आई अचानक कमी और भूराजनीतिक मोर्चे पर कुछ हद तक तनाव कम होने के संकेतों के कारण सुरक्षित निवेश के रूप में चांदी का आकर्षण कम हुआ है। इसके अलावा, मुनाफावसूली के चलते भी बड़े संस्थागत निवेशकों ने बाजार से अपने हाथ खींचे हैं, जिसका सीधा असर कीमतों पर दिखाई दे रहा है। वाणिज्य मंत्रालय और बाजार नियामकों की ओर से जारी तकनीकी बयानों में इस उतारचढ़ाव को बाजार की एक सामान्य सुधार प्रक्रिया बताया गया है, लेकिन इसके साथ ही व्यापारियों को किसी भी तरह की सट्टेबाजी से बचने की सलाह दी गई है। बाजार में आया यह नया मोड़ इस बात का स्पष्ट संकेत है कि आने वाले दिनों में धातु बाजार में अनिश्चितता का यह दौर अभी और गहरा सकता है, जिसका देश की खुदरा अर्थव्यवस्था और आगामी त्योहारी सीजन की तैयारियों पर व्यापक प्रभाव पड़ना तय माना जा रहा है।

contact.satyareport@gmail.com

Leave a Reply