चंडीगढ़.

पंजाब विधानसभा के मानसून सत्र के दूसरे दिन मंगलवार को सदन की कार्यवाही का केंद्र जनहित से जुड़े तीन प्रमुख मुद्दे और सरकार का विधायी एजेंडा रहेगा। ध्यानाकर्षण प्रस्तावों के माध्यम से विधायक अपनेअपने क्षेत्रों की समस्याओं को सदन में उठाएंगे, जबकि सरकार एक संशोधन विधेयक भी विचारार्थ और पारित कराने के लिए पेश करेगी।
सदन में सबसे पहले संगरूर की विधायक नरिंदर कौर भराज ग्रामीण विकास एवं पंचायत मंत्री का ध्यान संगरूर विधानसभा क्षेत्र के गांवों में तालाबों के ओवरफ्लो होने से पैदा हो रही समस्याओं की ओर आकर्षित करेंगी। इसके बाद जगराओं की विधायक सरबजीत कौर मानुके वन एवं वन्य जीव संरक्षण मंत्री के समक्ष जगराओं और बेट क्षेत्र में जंगली सूअरों तथा नीलगायों की बढ़ती संख्या का मुद्दा उठाएंगी।
वहीं, बठिंडा के विधायक जगरूप सिंह गिल स्थानीय निकाय मंत्री से बठिंडा नगर निगम की सीमा से बाहर कूड़ा प्रबंधन संयंत्र स्थानांतरित करने के मुद्दे पर जवाब मांगेंगे। इन तीनों ध्यानाकर्षण प्रस्तावों पर संबंधित मंत्री सरकार का पक्ष रखेंगे। सदन में विभिन्न विभागों और संस्थाओं की वार्षिक रिपोर्ट एवं लेखे भी पटल पर रखे जाएंगे। इनमें पंजाब स्टेट कंटेनर एंड वेयरहाउसिंग कारपोरेशन की 202223 की वार्षिक रिपोर्ट, डीसिल्टिंग से संबंधित खरीद प्रक्रिया में दी गई छूट का विवरण, पंजाब स्टेट बस स्टैंड मैनेजमेंट कंपनी की वर्ष 201516 और 201617 की वार्षिक रिपोर्ट तथा पंजाब राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के वर्ष 202122 और 202223 के वार्षिक लेखे शामिल हैं।
विधायी कार्य के तहत सरकार पंजाब कामन इंफ्रास्ट्रक्चर संशोधन विधेयक, 2026 को सदन में विचारार्थ प्रस्तुत करेगी। इसके साथ ही सरकार इसी दिन इस विधेयक को पारित कराने का प्रस्ताव भी रखेगी। इस प्रकार विधानसभा के दूसरे दिन की कार्यवाही में स्थानीय समस्याओं पर सरकार से जवाब, विभागीय रिपोर्टों को सदन के पटल पर रखना और महत्वपूर्ण संशोधन विधेयक पर चर्चा प्रमुख आकर्षण रहेंगे। गौरतलब है कि विधानसभा के मानसून सत्र के पहले दिन सदन में विपक्ष ने सरकार को कई मुद्दों पर घेरा था।
प्रश्नकाल के दौरान सरकारी स्कूलों में बड़ी संख्या में खाली पड़े शिक्षकों के पदों का मामला जोरदार ढंग से उठा। इसके अलावा विपक्ष ने हालिया पेपर लीक प्रकरण को लेकर सरकार पर निशाना साधते हुए सदन में हंगामा किया और मामले की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस तथा स्वास्थ्य मंत्री डा बलबीर सिंह के इस्तीफे की मांग की। विपक्ष के विरोध के चलते पहले दिन सदन का माहौल काफी गर्म रहा। ऐसे में दूसरे दिन भी सरकार और विपक्ष के बीच जनहित के मुद्दों के साथसाथ राजनीतिक टकराव जारी रहने के आसार हैं।



