फर्रुखाबाद : सावन के महीने में कांवड़ भरने निकले शिवभक्तों के साथ सोमवार की सुबह एक बेहद दर्दनाक हादसा हो गया। पांचाल घाट पर गंगा स्नान के दौरान एक ही गांव के 4 लोग गहरे पानी में डूब गए, जिनमें तीन एक ही परिवार के सदस्य हैं। पानी का बहाव इतना तेज था कि पलक झपकते ही चारों आंखों के सामने लहरों में ओझल हो गए। यह खौफनाक मंजर देखकर घाट पर मौजूद लोगों की रूह कांप गई और वहां चीखपुकार मच गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिसप्रशासन में हड़कंप मच गया है और रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है।

चेतावनी को किया अनसुना, दोस्तों के सामने ही निगल गई लहरें
जानकारी के मुताबिक, शाहजहांपुर जिले के नयागांव खुदागंज के रहने वाले 10 लोग रविवार देर रात पांच बाइकों पर सवार होकर कांवड़ लेने के लिए पांचाल घाट पहुंचे थे। सोमवार तड़के करीब साढ़े चार बजे इनमें से कुछ युवक उत्तरी बंधा के पास गंगा में स्नान करने उतरे। इसी दौरान योगेश , उसके चाचा विकास , चचेरे चाचा कमल और गांव का ही रहने वाला अर्जुन नहातेनहाते गहरे पानी की तरफ बढ़ने लगे। घाट पर मौजूद पुलिसकर्मियों और बाहर खड़े उनके दोस्तों ने उन्हें आगे जाने से टोका और सख्त मना किया। मगर युवकों ने इस चेतावनी को अनसुना कर दिया। कुछ ही देर में चारों तेज बहाव की चपेट में आकर गोते खाने लगे और जब तक कोई कुछ समझ पाता, वे गहरे पानी में समा गए।
घरों में पसरा मातम, पानी के बताशे बेचकर करते थे गुजारा
इस हादसे की मनहूस खबर जैसे ही खुदागंज गांव पहुंची, परिजनों में कोहराम मच गया और वे रोतेबिलखते बदहवास हालत में घाट की तरफ दौड़ पड़े। डूबने वाले युवकों में 17 वर्षीय योगेश हाईस्कूल का छात्र था। वहीं, 25 वर्षीय विकास छह भाइयों में सबसे छोटा था और इंटरमीडिएट के बाद आईटीआई की पढ़ाई कर रहा था। 23 वर्षीय कमल भी अपने तीन भाइयों में सबसे छोटा था। बताया जा रहा है कि इनमें से कुछ युवक पानीबताशे का ठेला लगाकर अपने परिवार का भरणपोषण करने में मदद करते थे। इस अकल्पनीय घटना ने हंसतेखेलते परिवारों को हमेशा के लिए गहरे सदमे में डाल दिया है।
एनडीआरएफ और गोताखोरों का रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
एक साथ चार लोगों के डूबने की सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक आरती सिंह तुरंत भारी पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंच गईं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए फौरन एनडीआरएफ की टीम और स्थानीय गोताखोरों को नदी में उतार दिया गया। हालांकि, गंगा में पानी का जलस्तर और बहाव बहुत ज्यादा होने के कारण रेस्क्यू टीम को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है और दोपहर तक किसी भी लापता युवक का सुराग नहीं लग पाया है। सीओ सिटी अभय वर्मा ने बताया कि लड़कों की तलाश के लिए युद्ध स्तर पर अभियान जारी है। इसके साथ ही घाट पर सुरक्षा कड़ी कर दी गई है और श्रद्धालुओं को गहरे पानी में जाने से सख्ती से रोका जा रहा है।



