
उत्तर प्रदेश के चंदौली में कुछ समय पहले पुलिस ने चोरी करने वाले एक गिरोह का खुलासा किया था। जांच के दौरान एक आरोपी को लेकर ऐसी बात सामने आई, जिसने पुलिस अधिकारियों को भी हैरान कर दिया। पूछताछ में पता चला कि वह लगातार चोरी की वारदातों को अंजाम देने का आदी हो चुका था।
मामला मुगलसराय क्षेत्र में हुई एक चोरी की जांच से जुड़ा था। पुलिस ने गिरोह के कुछ सदस्यों को गिरफ्तार किया था। आरोपियों के कब्जे से बड़ी मात्रा में सोने-चांदी के आभूषण बरामद किए गए थे, जिनकी कीमत लाखों रुपये बताई गई थी।
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि गिरोह का एक सदस्य लंबे समय से चोरी की घटनाओं में शामिल था। पूछताछ में उसके बारे में बताया गया कि वह महीने में कई बार चोरी करता था और कुछ समय तक वारदात न करने पर बेचैनी महसूस करने लगता था।
पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने कई छोटी-बड़ी चोरी की घटनाओं को अंजाम देने की बात स्वीकार की थी। जांच में उसके पुराने आपराधिक रिकॉर्ड और अलग-अलग जगहों पर हुई वारदातों से उसके संबंधों की भी पड़ताल की गई।
पुलिस की कार्रवाई के दौरान गिरोह के कुछ सदस्य चोरी किए गए जेवरात का बंटवारा करने की तैयारी में थे। इसी दौरान उन्हें पकड़ लिया गया। उनके पास से सोने और चांदी के आभूषण बरामद हुए, जिनकी कीमत करीब 10 लाख रुपये बताई गई।
पूछताछ में सामने आया कि गिरोह के सदस्य अलग-अलग इलाकों में रेकी करने के बाद चोरी की घटनाओं को अंजाम देते थे। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी थी कि गिरोह ने अब तक कितनी वारदातें की हैं और चोरी का माल कहां-कहां खपाया गया।
इस कार्रवाई के बाद पुलिस ने बरामद सामान को कब्जे में लेकर आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी थी। मामले में सामने आई चोरी की आदत वाली बात की वजह से यह घटना इलाके में काफी चर्चा का विषय बन गई थी।



