फिरोजपुर : पंजाब पुलिस में तैनात 28 वर्षीय कांस्टेबल गुरप्रीत सिंह की किस्मत अचानक बदल गई। फिरोजपुर जिले के गांव मलवाल कदीम निवासी गुरप्रीत सिंह ने पंजाब स्टेट राखी बंपर लॉटरी का पहला इनाम जीतकर 7 करोड़ रुपये अपने नाम कर लिए हैं। बड़ी रकम जीतने की खबर मिलते ही उनके परिवार और पूरे गांव में खुशी का माहौल है। रिश्तेदारों और ग्रामीणों का बधाई देने के लिए उनके घर पहुंचना जारी है।

112 इमरजेंसी सेवा में तैनात हैं गुरप्रीत
गुरप्रीत सिंह साल 2022 में पंजाब पुलिस में भर्ती हुए थे और फिलहाल 112 इमरजेंसी रिस्पॉन्स व्हीकल में तैनात हैं। उनका काम आपातकालीन कॉल मिलने पर जरूरतमंद लोगों तक पुलिस सहायता पहुंचाना है। गुरप्रीत के मुताबिक, कुछ दिन पहले वह किसी काम से फिरोजपुर शहर आए थे। इसी दौरान उन्होंने सामान्य तौर पर लॉटरी का एक टिकट खरीद लिया। उन्हें बिल्कुल अंदाजा नहीं था कि यही टिकट उनकी जिंदगी बदल देगा।
गुरुद्वारा साहिब में सेवा करते वक्त मिली खुशखबरी
गुरप्रीत सिंह एक साधारण मध्यमवर्गीय परिवार से आते हैं। उनके पिता दर्शन सिंह रेलवे में ट्रेन गार्ड के पद पर सेवाएं दे चुके हैं और 2019 में सेवानिवृत्त हुए थे। रविवार सुबह जब राखी बंपर लॉटरी का परिणाम घोषित हुआ, उस समय गुरप्रीत ऐतिहासिक गुरुद्वारा वाजिदपुर साहिब में सेवा कर रहे थे। इसी दौरान उन्हें पता चला कि उनके टिकट पर पहला बंपर इनाम निकल गया है। गुरप्रीत ने इस जीत को वाहेगुरु का आशीर्वाद बताया। उन्होंने कहा कि उन्हें अभी भी यकीन नहीं हो रहा कि उनका साधारण सा टिकट उन्हें करोड़पति बना गया है।
NK एजेंसी से खरीदा था लॉटरी टिकट
गुरप्रीत सिंह का विजेता टिकट फिरोजपुर के शहीद उधम सिंह चौक स्थित NK एजेंसी से खरीदा गया था। टिकट से जुड़े इस बड़े इनाम की खबर मिलते ही लॉटरी विक्रेता और उनकी टीम में भी खुशी की लहर दौड़ गई।
एजेंसी के मालिक त्रिलोक सिंह और उनकी टीम ने ढोलनगाड़ों के साथ जीत का जश्न मनाया। त्रिलोक सिंह के मुताबिक, सीमावर्ती शहर फिरोजपुर के इतिहास में यह पहली बार है जब किसी स्थानीय निवासी ने इतनी बड़ी राशि का पहला बंपर इनाम जीता है। गुरप्रीत की इस जीत के बाद उनके गांव मलवाल कदीम में भी जश्न का माहौल है और लोग उन्हें लगातार बधाई दे रहे हैं।



