नई दिल्ली: फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म Zomato ने कैशऑनडिलीवरी ऑर्डर के लिए अलग ‘पे ऑन डिलीवरी फीस’ लेना शुरू किया है। यह शुल्क ऑर्डर के बिल में अलग से जोड़ा जा रहा है। शनिवार को कंपनी के ऐप पर इस फीस को देखा गया।

यह चार्ज उस स्थिति में लागू होता है, जब ग्राहक डिलीवरी के समय कैश में भुगतान करने का विकल्प चुनता है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, यह फीस सभी ऑर्डर्स के लिए एक समान नहीं है। अलगअलग ऑर्डर वैल्यू और यूजर्स के हिसाब से इसकी राशि अलग दिखाई जा रही है।
हालांकि, इस फीस को किस आधार पर तय किया जा रहा है, इसकी स्पष्ट जानकारी फिलहाल सामने नहीं आई है। न्यूज एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, यह तुरंत स्पष्ट नहीं हो सका कि शुल्क ऑर्डर की वैल्यू, लोकेशन या किसी अन्य आधार पर निर्भर करता है।
Zomato की प्रतिद्वंद्वी कंपनी Swiggy फिलहाल कैशऑनडिलीवरी ऑर्डर पर अलग से कोई अतिरिक्त फीस नहीं लेती है। ऐसे में दोनों प्रमुख फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म के COD शुल्क ढांचे में अंतर दिखाई देता है।
यह बदलाव ऐसे समय में सामने आया है, जब फूड डिलीवरी कंपनियां नए फीस स्ट्रक्चर और मॉनेटाइजेशन मॉडल पर प्रयोग कर रही हैं। Zomato पहले से ही फूड ऑर्डर पर प्लेटफॉर्म फीस लेता है। इसके अलावा ग्राहकों से लागू होने के अनुसार डिलीवरी, पैकेजिंग और अन्य शुल्क भी लिए जाते हैं।
फिलहाल Zomato के COD ऑर्डर्स पर लागू की गई नई पे ऑन डिलीवरी फीस की राशि ऑर्डर और यूजर के अनुसार अलगअलग दिखाई दे रही है। उपलब्ध जानकारी में इसके निर्धारण का स्पष्ट आधार सामने नहीं आया है।



