
लखनऊ, अमृत विचार। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में शुक्रवार को देशभर से आए शिक्षक कर्मचारियों ने सुबह से हो रही भीषण बारिश में भी इको गार्डन लखनऊ में पुरानी पेंशन बहाली व टीईटी अनिवार्यता निजीकरण समाप्ति को लेकर नेशनल मूवमेंट फॉर ओल्ड पेंशन स्कीम NMOPS के बैनर तले अटेवा के प्रदेश अध्यक्ष विजय कुमार बंधु के नेतृत्व में अपनी मांगों के लिए हुंकार भरी। भीषण बारिश के बाद भी लोगों का उत्साह कम नहीं दिखाई दिया। उत्तर प्रदेश मध्य प्रदेश केरल,तमिलनाडु, दिल्ली हरियाणा पंजाब आदि सभी राज्यों से शिक्षक कर्मचारियों की महारैली में सहभागिता देखने को मिली।
विजय बंधु बोले सरकार समय रहते समझे कर्मचारियों की भावना
प्रदेश अध्यक्ष विजय कुमार बंधु ने कहा कि आज लखनऊ में भीषण बारिश के बावजूद भी शिक्षक कर्मचारी विभिन्न मांगों के लिए अपनी नाराजगी दिखा रहे हैं। सरकार को उनकी भावनाओं को समय रहते समझ लेना चाहिए। अब समय आ गया है कि सरकार को बिना समय गंवाए शिक्षक कर्मचारियों के आक्रोश को देखते हुए तत्काल पुरानी पेंशन बहाल कर देना चाहिए।
उन्होंने कहा 2027 का चुनाव सामने है। ये शिक्षक कर्मचारी है जो सत्ता को पलटने की भी ताकत रखते है। बढ़ते निजीकरण से लोगों में भारी नाराजगी है।निजीकरण से नौकरिया समाप्त हो रही है जिससे भावी पीढ़ी का भविष्य अंधकारमय दिख रहा है। निजीकरण से सरकार पूंजीपतियों की जेब भर रही है।
20 साल पढ़ाने के बाद TET की अनिवार्यता पर सवाल
प्रदेश अध्यक्ष विजय कुमार बंधु ने टीईटी अनिवार्यता को अव्यावहारिक बताते हुए कहा कि 20 साल पढ़ाने के बाद शिक्षकों पर टीईटी अनिवार्यता लागू करना तानाशाही पूर्ण आदेश है जो शिक्षकों के सम्मान को ठेस पहुंचा रहा है।सरकार को अध्यादेश लाकर इसे तुरंत समाप्त करना चाहिए।


