
लखनऊ: उत्तर प्रदेश में विधान परिषद की 11 सीटों के लिए मतदान के दौरान कई जिलों से हंगामे और विवाद की खबरें सामने आईं। समाजवादी पार्टी ने भाजपा कार्यकर्ताओं पर फर्जी मतदान और बूथ कैप्चरिंग के आरोप लगाए, जबकि अलग-अलग मतदान केंद्रों पर दोनों दलों के समर्थकों के बीच तीखी नोकझोंक हुई। स्थिति संभालने के लिए कई जगह पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को हस्तक्षेप करना पड़ा।
वाराणसी और आगरा में मतदान केंद्रों पर विवाद
वाराणसी की सदर तहसील में सपा प्रत्याशी आशुतोष सिन्हा के मतदान केंद्र पहुंचने को लेकर विवाद होने की खबर है। इस दौरान भाजपा समर्थकों ने विरोध जताया और पुलिस के साथ भी नोकझोंक हुई।
आगरा के फतेहाबाद ब्लॉक स्थित मतदान केंद्र पर सपा कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा समर्थक बूथ के अंदर पहुंच रहे थे। उन्होंने बैलेट पेपर पर भाजपा प्रत्याशी के पक्ष में मतदान कराने का भी आरोप लगाया। हंगामे के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति नियंत्रित की। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
सीतापुर और लखीमपुर में भी भिड़े कार्यकर्ता
सीतापुर के महोली विकासखंड में सपा प्रत्याशी कांति सिंह के पोलिंग एजेंट ने आरोप लगाया कि एक महिला मतदाता का बैलेट पेपर छीनकर उसे मतदान केंद्र से बाहर कर दिया गया। इसके बाद पूर्व विधायक अनूप गुप्ता समेत सपा कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे और कथित वोट चोरी के विरोध में नारेबाजी की। दोनों पक्षों के बीच नोकझोंक के बाद प्रशासनिक अधिकारियों ने हस्तक्षेप किया।
लखीमपुर खीरी के ईसानगर में मतदान केंद्र से कुछ दूरी पर सपा का पंडाल हटवाने को लेकर विवाद हुआ। सपा सांसद के प्रतिनिधि और पुलिस के बीच झड़प की खबर सामने आई। सपा की ओर से आरोप लगाया गया कि उसके पंडाल पर कार्रवाई की गई, जबकि भाजपा का केंद्र नजदीक होने के बावजूद नहीं हटाया गया।
फतेहपुर में बूथ कैप्चरिंग का आरोप
फतेहपुर में सपा की ओर से इलाहाबाद-झांसी खंड स्नातक चुनाव के दौरान बूथ संख्या 159 पर गड़बड़ी का आरोप लगाया गया। पार्टी ने राज्य मंत्री कृष्णा पासवान और जिला पंचायत अध्यक्ष अभय प्रताप सिंह पर बूथ कैप्चरिंग में शामिल होने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की। मैनपुरी में भी मतदान केंद्र के बाहर सपा के जिला पंचायत सदस्यों के बीच तीखी बहस होने की जानकारी सामने आई।
गोरखपुर और मुजफ्फरनगर समेत अन्य जिलों में भी सपा और भाजपा समर्थकों के बीच विवाद की खबरें आईं। हालांकि, अलग-अलग घटनाओं में लगाए गए आरोपों की पुष्टि संबंधित जांच या आधिकारिक बयान से होना बाकी है।
अखिलेश यादव ने चुनाव आयोग पर उठाए सवाल
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर चुनाव प्रक्रिया को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने फतेहपुर में बूथ लूट का आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी पूरे प्रदेश में मतदान से जुड़ी घटनाओं के रिकॉर्ड जुटा रही है। अखिलेश ने कथित अनियमितताओं के लिए जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की बात भी कही और चुनाव आयोग की भूमिका पर सवाल उठाए।
11 सीटों के लिए 14 लाख से ज्यादा मतदाता
रिपोर्ट के मुताबिक, विधान परिषद की 11 सीटों के लिए कुल 14.18 लाख मतदाताओं को 152 प्रत्याशियों में से चयन करना था। मतदान शाम चार बजे तक निर्धारित था। प्रदेश के 72 जिलों में मतदान कराया जा रहा था, जबकि कानपुर नगर, कानपुर देहात और उन्नाव में मतदान नहीं होना था।
चुनाव के दौरान सामने आए विवादों के बीच अब इन आरोपों पर प्रशासन और चुनाव अधिकारियों की प्रतिक्रिया महत्वपूर्ण होगी। यह स्पष्ट होना बाकी है कि किन शिकायतों पर औपचारिक जांच या कार्रवाई की गई।
सत्या रिपोर्ट डिस्क्लेमर: यह खबर उपलब्ध मीडिया रिपोर्टों के आधार पर तैयार की गई है। विभिन्न दलों द्वारा लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। मामले में आधिकारिक जांच और संबंधित अधिकारियों के बयानों के आधार पर स्थिति स्पष्ट होगी।



