
एक परिवार के भीतर लंबे समय से पनप रहा तनाव आखिरकार एक ऐसी घटना में बदल गया, जिसने रिश्तों और भरोसे की नींव हिला दी। घर में पिता और बेटी के बीच पहले से ही प्रेम संबंध को लेकर अनबन थी। इसी बीच बेटी को पिता के एक ऐसे रिश्ते के बारे में पता चला, जिसे वह किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं कर पा रही थी।
पिता एक विवाहित महिला को अपनी मुंहबोली बहन बताते थे। सामाजिक तौर पर दोनों के बीच भाई-बहन का रिश्ता दिखाया जाता था और हर रक्षाबंधन पर महिला उन्हें राखी भी बांधती थी। लेकिन बेटी को संदेह हुआ कि इस रिश्ते के पीछे कुछ और ही कहानी है। जब उसने पिता के मोबाइल से कुछ आपत्तिजनक तस्वीरें और अन्य सामग्री देखी, तो उसका गुस्सा और बढ़ गया।
उसने यह बात अपनी मां को बताई। धीरे-धीरे मां और बेटी के बीच पिता को लेकर नाराजगी गहरी होती चली गई। दोनों ने पहले उस महिला के पति को पिता की हत्या के लिए उकसाने की कोशिश की, लेकिन उसने इस प्रस्ताव को ठुकरा दिया। इसके बाद मां-बेटी ने खुद ही उन्हें रास्ते से हटाने की योजना बना ली।
प्रेम कहानी बनी पिता से टकराव की दूसरी वजह
बेटी का एक युवक से प्रेम संबंध भी था। वह उसके साथ घर छोड़कर जाना चाहती थी, लेकिन पिता इस रिश्ते के खिलाफ थे। इससे पहले भी वह युवक के साथ घर से जा चुकी थी। उस समय नाबालिग होने के कारण उसे वापस परिवार के पास भेज दिया गया था, जबकि युवक को जेल जाना पड़ा था।
समय बीतने के साथ बेटी और पिता के बीच दूरियां बढ़ती गईं। बताया गया कि बालिग होने के कुछ ही समय बाद उसने पिता को रास्ते से हटाने की साजिश को अंजाम देने का फैसला कर लिया। उसकी योजना थी कि हत्या का शक उस विवाहित महिला के पति पर जाए, जिसके साथ पिता के संबंध होने का आरोप था।
तकनीक के सहारे पुलिस को उलझाने की कोशिश
साजिश को छिपाने के लिए बेटी और उसके प्रेमी ने मोबाइल संपर्क के लिए अलग-अलग नंबरों का इस्तेमाल किया था। दोनों के बीच बातचीत के तरीके ने शुरुआती जांच को भी मुश्किल बना दिया। पुलिस को पहले यह समझने में परेशानी हुई कि घटना के पीछे असली वजह क्या थी और इसमें कौन-कौन शामिल हो सकता है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच टीम ने तकनीकी साक्ष्यों के साथ आसपास के इलाकों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। पुलिस ने 200 से अधिक कैमरों की रिकॉर्डिंग और करीब 20 हजार मोबाइल नंबरों से जुड़े विवरण की जांच की। इसी दौरान बेटी के प्रेम संबंध और उसके परिचित युवक की भूमिका पर संदेह गहराने लगा।
प्रेमी से पूछताछ के बाद खुलती चली गई साजिश
जांच के दौरान पुलिस ने बेटी के प्रेमी को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ आगे बढ़ने पर मामले की कई परतें खुलती चली गईं। पुलिस के अनुसार, बेटी ने अपनी मां और प्रेमी के साथ मिलकर हत्या की योजना बनाई थी। इसके बाद इस मामले में कुल चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
देवास पुलिस की टीम ने तकनीकी जांच और जमीनी स्तर पर जुटाए गए साक्ष्यों की मदद से इस अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाई। तत्कालीन पुलिस अधीक्षक पुनीत गहलोत ने जांच टीम के काम की सराहना करते हुए इसे महत्वपूर्ण जांच बताया था। मामले को सुलझाने वाली टीम को 10 हजार रुपये का इनाम भी दिया गया था।
रिश्तों में बढ़ती दरार ने लिया खतरनाक रूप
इस पूरे मामले में पिता के कथित संबंध, बेटी की प्रेम कहानी और परिवार के भीतर लंबे समय से चल रहा तनाव अहम कड़ियों के रूप में सामने आए। जिस घर में रिश्तों और भरोसे की जगह होनी चाहिए थी, वहीं आपसी नाराजगी और बदले की भावना ने एक गंभीर अपराध का रूप ले लिया।
Satya Report डिस्क्लेमर: यह पुरानी घटना उपलब्ध प्रकाशित रिपोर्ट और उस समय पुलिस की ओर से सामने आई जानकारी पर आधारित है। इसमें बताए गए आरोप जांच के दौरान सामने आए तथ्यों के अनुसार हैं।



