
कभी-कभी अनजान लोगों से हुई एक मुलाकात ऐसी घटनाओं को जन्म दे देती है, जिनकी किसी ने कल्पना भी नहीं की होती। महाराष्ट्र के नागपुर में सामने आया एक पुराना मामला भी कुछ ऐसा ही था। यहां एक व्यक्ति की एक महिला से मुलाकात हुई। दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और महिला उसके घर तक पहुंच गई। लेकिन अगले ही दिन महिला ने ऐसा कदम उठाया कि पूरा मामला पुलिस तक पहुंच गया।
यह घटना नागपुर के निरंजन नगर इलाके की थी। रिपोर्ट के मुताबिक, आकाश नाम का व्यक्ति अपनी पत्नी से विवाद के बाद अपने दो बच्चों के साथ रह रहा था। उसकी पत्नी दोनों बच्चों को लेकर अलग चली गई थी। दूसरी ओर रेशमा नाम की महिला भी अपने पति से अलग रह रही थी।
बताया गया कि शुक्रवार को एक चाय की दुकान पर आकाश और रेशमा की मुलाकात हुई थी। बातचीत के दौरान दोनों के बीच जान-पहचान बढ़ी और बाद में वे आकाश के घर पहुंच गए। वहां दोनों ने साथ समय बिताया।
अगले दिन बच्चे को लेकर चली गई महिला
आरोप के मुताबिक, अगले दिन रेशमा आकाश के सात साल के बेटे को अपने साथ ले गई। उसके साथ महिला का अपना बच्चा भी था। जाते समय उसने आकाश से कहा कि वह दोनों बच्चों को लेकर कहीं जा रही है। आकाश को लगा कि वह कुछ काम से गई है और जल्द वापस लौट आएगी।
लेकिन काफी समय बीत जाने के बाद भी महिला बच्चों के साथ नहीं लौटी। दो दिन गुजरने पर भी जब कोई जानकारी नहीं मिली, तो आकाश परेशान हो गया।
इसी दौरान उसकी पत्नी बच्चे से मिलने घर पहुंची। जब उसे बेटे के वहां नहीं होने की जानकारी मिली, तो उसने आकाश से पूछताछ की। इसके बाद दोनों बच्चे की तलाश को लेकर पुलिस के पास पहुंचे और बेलतरोड़ी थाने में शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस ने बनाई पांच टीमें, फिर मिला बच्चा
शिकायत के आधार पर पुलिस ने बच्चे के अपहरण का मामला दर्ज किया। बच्चे की तलाश के लिए जोनल डीसीपी विजयकांत सागर के निर्देश पर पांच पुलिस टीमें बनाई गईं।
जांच के दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि रेशमा ट्रेन से नागपुर लौट आई है। मंगलवार को वह शताब्दी चौक के पास ऑटोरिक्शा लेने के लिए खड़ी थी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर उसे पकड़ लिया और बच्चे को सुरक्षित बरामद कर लिया।
महिला ने पुलिस को बताई अलग वजह
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, पूछताछ में रेशमा ने बताया कि वह बच्चे को अपने साथ लेकर गई थी, लेकिन वापस लौटते समय रास्ता भटक गई। काफी कोशिश करने के बावजूद उसे सही रास्ता नहीं मिला। इसके बाद वह बच्चे को अपने मूल स्थान छिंदवाड़ा ले गई थी। महिला का कहना था कि वह बच्चे को लेकर दोबारा सही रास्ता तलाशने नागपुर आई थी।
पुलिस ने बच्चे को बरामद कर मामले की आगे की जांच शुरू की। एक अनजान मुलाकात के बाद शुरू हुई यह कहानी आखिरकार बच्चे के लापता होने और पुलिस कार्रवाई तक पहुंच गई।
Satya Report डिस्क्लेमर: पुरानी समाचार रिपोर्ट में उपलब्ध जानकारी के आधार पर तैयार की गई कहानी है। महिला की ओर से बताई गई वजह को उसके बयान के रूप में ही प्रस्तुत किया गया है।



