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बात-बात पर आता है गुस्सा, बढ़ सकता है हाई बीपी समेत कई बीमारियों का खतरा, रामदेव ने बताए रामबाण उपाय

गुस्से पर कैसे काबू पाएं?
Image Source : FREEPIK

क्या आप उन लोगों में शामिल हैं जिन्हें बात-बात पर गुस्सा आता है, छोटी सी बात और पारा चढ़ जाता है? अगर हां, तो जरा संभल जाइए क्योंकि हर गुस्सा सिर्फ स्वभाव की कहानी नहीं होता, कई बार ये बिगड़ती सेहत का इशारा भी होता है। शरीर जितना एक्टिव और फिट होता है, दिमाग उतना ही शांत और कंट्रोल में रहता है। एक लेटेस्ट स्टडी में लोगों को परेशान करने वाली तस्वीरें और वीडियो दिखाए गए जैसे हादसे-हिंसा के विजुअल्स और तब देखा गया कि जो लोग कम फिट थे, उनमें गुस्सा और बेचैनी बहुत तेजी से बढ़ी।

गौर करने वाली बात- इस स्टडी में खुलासा हुआ कि जो लोग रेगुलर योग-एक्सरसाइज करते थे, उनके इमोशंस ज्यादा स्टेबल, कंट्रोल में थे। रिसर्च के मुताबिक अनफिट इंसान को फिट इंसान के मुकाबले आठ गुना ज्यादा गुस्सा आ सकता है। यही बात सेहत के लिहाज से सबसे ज्यादा अलार्मिंग है क्योंकि बार-बार गुस्सा आने का पहला वार नस-नाड़ियों को झेलना पड़ता है। गुस्से में तनाव वाले हार्मोन बढ़ते हैं, ब्लड प्रेशर अचानक ऊपर जाता है, ब्लड वेसेल्स सिकुड़ती हैं और सिरदर्द, माइग्रेन, तेज हार्ट बीट जैसी दिक्कतें शुरू हो जाती हैं।

बढ़ सकती हैं समस्याएं- अगर गुस्से का सिलसिला चलता रहे, तो नुकसान सिर्फ मूड तक नहीं रुकता, दिल पर दबाव बढ़ता है, दिमाग पर असर पड़ता है, स्ट्रोक का खतरा बढ़ सकता है, किडनी हाई बीपी की मार झेलती है, फेफड़ों की वर्क कपैसिटी गिरती है, पाचन गड़बड़ाता है, एसिड रिफ्लक्स, आईबीएस जैसी समस्याएं बढ़ती हैं। मामूली बात पर आने वाला गुस्सा धीरे-धीरे शरीर को उम्र से पहले थका सकता है और बीमारियों के भंवर में फंसा सकता है। गुस्से से हाइपरटेंशन, डायबिटीज, हार्ट डिजीज, स्ट्रोक, एंग्जायटी, डिप्रेशन और यहां तक कि स्किन और इम्यूनिटी से जुड़ी दिक्कतें भी ट्रिगर हो सकती हैं।

गुस्से पर काबू पाएं- योगगुरु ने बताया एक्टिव शरीर होगा तो दिमाग नियंत्रित रहेगा। फिटनेस से भावनाएं स्थिर रहती हैं। रेगुलर योग करने से मन शांत और इमोशंस कंट्रोल में रहते हैं। अगर आप अपने गुस्से पर काबू पाना चाहते हैं तो आपको हर रोज योग करना चाहिए। इसके अलावा मेडिटेशन को भी डेली रूटीन में शामिल किया जा सकता है। योग-मेडिटेशन न केवल आपकी मेंटल हेल्थ पर बल्कि आपकी फिजिकल हेल्थ पर भी पॉजिटिव असर डाल सकते हैं।

 

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डिस्क्लेमर: इस आर्टिकल में सुझाए गए टिप्स केवल आम जानकारी के लिए हैं। सेहत से जुड़े किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी भी तरह का बदलाव करने या किसी भी बीमारी से संबंधित कोई भी उपाय करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें। Satya Report किसी भी प्रकार के दावे की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।

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