Satya Report: उत्तर प्रदेश के धार्मिक स्थलों में एक नाम वाराणसी का भी है. यहां आने वाले गंगा नदी में डुबकी लगाने के अलावा बाबा काशी विश्वनाथ के दर्शन भी करते हैं. पर क्या आप जानते हैं कि इससे सिर्फ 70 से 80 किलोमीटर दूर एक खूबसूरत झरना भी है. यहां हम आपको इसी के बारे में बताने जा रहे हैं.

काशी विश्वनाथ मंदिर वाराणसी में लोग बाबा विश्वनाथ के दर्शन करने के लिए आते हैं. ये मंदिर गंगा किनारे बना हुआ है और भगवान शिव का प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंग है. साल 1780 में इंदौर की महारानी अहिल्याबाई होल्कर ने इसे बनवाया. ये न सिर्फ आस्था का गढ़ है बल्कि ये ज्ञान और मोक्ष का भी केंद्र है.
वाराणसी में घूमना बाबा विश्वनाथ के दर्शन के बाद टूरिस्ट इसके आसपास की जगहों को भी एक्सप्लोर करते हैं. पर बहुत कम लोग इससे सिर्फ 70 किलोमीटर दूर खूबसूरत झरने को देखने जाते हैं. हम बात कर रहे हैं राजदरीदेवदरी झरने की जो चन्द्रप्रभा वन्य अभ्यारण्य चंदौली जिले में पड़ता है. ये एक ऐसी नेचुरल ब्यूटी है जो टूरिस्ट को मंत्रमुग्ध कर देती है.
कैसे पहुंचें यहां घने, हरेभरे जंगलों के बीच स्थित इस झरने पर पहुंचने के लिए आपको वाराणसी शहर से निकलकर मुगलसराय की ओर जाना होगा. यहां से चंदौलीचकिया रोड पकड़ें और यहां पहुंचने पर आपको हरेभरे पहाड़ दिखने लगते हैं. पहसे राजदरी वाटरफॉल आता है और फिर आगे देवदरी झरना दिखता है.
मानसून में खूबसूरत नजारा बारिश के मौसम में ये झरना और भी सुंदर नजर आता है. जो लोग नेचर लवर्स हैं उनके लिए ये तस्वीरें लेने का बेस्ट स्पॉट है. ये झरना न सिर्फ अपनी नेचुरल ब्यूटी के लिए नहीं बल्कि शांति और एकांत के लिए भी जाना जाता है.
चंद्र प्रभा वाइल्ड लाइफ सेंचुरी अगर आप पक्षी प्रेमी है तो आप झरने का दीदार करने के अलावा चंद्र प्रभा सेंचुरी का दीदार भी कर सकते हैं. इस टूरिस्ट लोकेशन की गुफाएं, रॉक शेल्टर, और ट्रैकिंग का तरीका लोगों को बहुत पसंद आता है.



