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हर्षा रिछारिया ने साधु-संतों पर साधा निशाना! ‘गद्दी पर बैठे कुछ लोग नहीं चाहते कि मैं आगे बढ़ूं’

Harsha Richhariya Targets Saints Returns To Glamour World Controversy

Harsha Richhariya: महाकुंभ के दौरान ग्लैमर की दुनिया को अलविदा कहकर अध्यात्म की राह चुनने वाली हर्षा रिछारिया एक बार फिर चर्चा के केंद्र में हैं। इस बार वजह उनका धर्म परिवर्तन नहीं, बल्कि धर्म की राह छोड़कर वापस मॉडलिंग की दुनिया में लौटने का चौंकाने वाला फैसला है। हर्षा ने आरोप लगाया है कि गद्दी पर बैठे कुछ प्रभावशाली लोग उन्हें परेशान कर रहे हैं और उनके काम में बाधाएं उत्पन्न कर रहे हैं।

समाचार एजेंसी आईएएनएस (IANS) से बातचीत में हर्षा ने बिना किसी का नाम लिए अपनी आपबीती सुनाई और बताया कि क्यों एक उभरती हुई साध्वी को वापस अपने पुराने प्रोफेशन की ओर रुख करना पड़ा।

 

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“परेशानियां पैदा कर रहे हैं गद्दी पर बैठे लोग”

हर्षा ने बेहद गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि अध्यात्म के मार्ग पर उन्हें वह सहयोग नहीं मिला जिसकी उन्होंने अपेक्षा की थी। उन्होंने कहा, “मैं किसी का नाम नहीं लूंगी, लेकिन कुछ लोग जानबूझकर मेरे जीवन में बाधाएं खड़ी कर रहे हैं। उन्होंने यह तय कर लिया है कि चाहे कुछ भी हो जाए, मुझे जीवन में आगे नहीं बढ़ने दिया जाएगा। कुछ साधु-संतों की यह सोच बहुत गलत है।” हर्षा के मुताबिक, जब उन्होंने युवाओं और बेटियों को धर्म से जोड़ने का काम शुरू किया, तो उनके हर प्रयास को रोकने की कोशिश की गई।

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“राशन खरीदने के लिए पैसे चाहिए, दान पर निर्भर नहीं रह सकती”

वापस ग्लैमर की दुनिया में लौटने के फैसले को सही ठहराते हुए हर्षा ने व्यवहारिक चुनौतियां भी सामने रखीं। उन्होंने कहा, “मैं कोई ऐसी संन्यासी नहीं हूं जो अपनी जरूरतों के लिए पूरी तरह से लोगों के दान और भेंट पर निर्भर रह सके। अगर मुझे राशन भी खरीदना है, तो पैसे की जरूरत होती है। धर्म का प्रचार तभी उचित है जब आपके पास स्वयं पर्याप्त संसाधन हों।” हर्षा ने यह भी दर्द साझा किया कि उनके फैसलों और चरित्र पर उंगली उठाई जा रही थी, जिससे वे मानसिक रूप से परेशान थीं।

“सनातन धर्म नहीं छोड़ा, सिर्फ काम पर लगाया विराम”

जब हर्षा से पूछा गया कि क्या उन्होंने सनातन धर्म को त्याग दिया है, तो उन्होंने स्पष्ट किया, “यह कहना गलत होगा कि मैंने धर्म छोड़ दिया। मैं सनातनी पैदा हुई हूं और इसे अपना गौरव मानती हूं। मैंने केवल उन धार्मिक कार्यक्रमों और सोशल मीडिया अभियानों पर विराम लगाया है जो मैं युवाओं के लिए कर रही थी।” हर्षा अब अपनी जिम्मेदारियों को निभाने के लिए धीरे-धीरे अपने मॉडलिंग करियर को फिर से प्रबंधित करने का निर्णय ले चुकी हैं, ताकि वे आत्मनिर्भर होकर अपना जीवन जी सकें।

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