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मां ने गहने बेचे, कर्ज में डूब गए पिता… रुला देगी 14 करोड़ी बने कार्तिक शर्मा की कहानी, CSK ने ढूंढा अगला धोनी?


Kartik Sharma Struggle Story: चेन्नई सुपर किंग्स और एमएस धोनी. यूं कहें कि ‘दो जिस्म और एक जान’ तो गलत नहीं होगा. CSK को 5 बार चैंपियन बना चुके माही, अभी भी टीम का हिस्सा हैं, लेकिन वो अब 44 साल के हो चुके हैं और ऐसे में सीएसके को उनके विकल्प की तलाश थी. जब फ्रेंचाइजी ने संजू सैमसन को राजस्थान रॉयल्स के साथ डील कर अपनी टीम में शामिल किया तो लगा कि ये तलाश पूरी हो गई, लेकिन आईपीएल 2026 ऑक्शन में CSK ने करोड़ों फैंस को चौंका दिया.

मंगलवार, 16 दिसंबर को अबू धाबी में हुए मिनी ऑक्शन में चेन्नई सुपर किंग्स ने युवा कार्तिक शर्मा को 14.20 करोड़ रुपये में खरीदा. फैंस ये जानने को बेताब हो गए कि आखिर इस खिलाड़ी में ऐसा क्या है, जो CSK ने इन्हें आईपीएल इतिहास का सबसे महंगा अनकैप्ड खिलाड़ी बना दिया. क्रिकेट गलियारों में अभी से कार्तिक शर्मा की तुलना महान एमएस धोनी से की जा रही है.

संघर्ष भरी रही है कार्तिक शर्मा की जर्नी
राजस्थान के भरतपुर से आने वाले कार्तिक शर्मा की जिंदगी काफी संघर्ष भरी रही है. दुनिया भले ही इस वक्त उन्हें आईपीएल में मिली 14.20 करोड़ रुपये की बात कर रही है, लेकिन एक समय था जब उनके घर पर दो वक्त की रोटी भी मुश्किल से बनती थी. महज ढाई साल के उम्र से ही कार्तिक शर्मा ने क्रिकेट में दिलचस्पी दिखाई थी. उनके पिता मनोज शर्मा खुद क्रिकेटर बनना चाहते थे और तेज गेंदबाजी करते थे, लेकिन एक मैच के दौरान उन्हें चोट लगी और उनका क्रिकेट करियर वहीं खत्म हो गया. उसके बाद पिता ने ठान लिया कि ये सपना उनका बेटा पूरा करेगा.

मां ने क्रिकेट किट के लिए बेचे गहने
परिवार की आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं थी और कार्तिक शर्मा का चयन अंडर-14 स्टेट लेवल पर हो चुका था. बेटे को क्रिकेट किट दिलाने के लिए मां राधा ने अपने गहने बेच दिए. पिता ने भी अपने सोने की चेन को बेच दिया और दोनों मां-पिता बेटे के सपने को पूरे करने में जुट गए.

पिता को दुकान बेचनी पड़ी, कर्जे में डूब गए
जब कार्तिक शर्मा ने पहली बार क्रिकेट का बल्ला उठाया, तब उनके परिवार के पास उनके सपने को पूरा करने के लिए पैसे नहीं थे. राजस्थान के भरतपुर में, उनके पिता मनोज निजी ट्यूशन देकर, कोल्ड ड्रिंक्स बेचकर और छोटे-मोटे काम करके घर का खर्च चलाते थे. जैसे-जैसे कार्तिक की प्रतिभा को नजरअंदाज करना असंभव होता गया, पिता मनोज ने एक ऐसा फैसला लिया जिसने सब कुछ बदल दिया. उन्होंने अपनी दुकान बेच दी. कर्ज लिया, एक बॉलिंग मशीन और 500 गेंदें खरीदीं.

जब दूसरे खिलाड़ी अकादमियों में प्रशिक्षण ले रहे थे, कार्तिक हर दिन अभ्यास करते थे, 150 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से आने वाली गेंदों का सामना करते थे और 15-16 साल की उम्र में ही बड़े-बड़े छक्के लगाने में माहिर हो गए थे.

CSK को मिल गया अगला धोनी?
आईपीएल ऑक्शन में 14.20 करोड़ रुपये में खरीदे जाने के बाद कार्तिक शर्मा अपने इमोशन को नहीं रोक सके और रोने लगे. उनका सपना था कि उन्हें चेन्नई सुपर किंग्स ही खरीदे और वो एमएस धोनी से 5-10 प्रतिशत भी कुछ सीख सकें तो बहुत है. उनका ख्वाब पूरा हुआ. कार्तिक शर्मा एक युवा विकेट कीपर हैं जो बैटिंग में बड़े-बड़े छक्के लगाने के लिए जाने जाते हैं. कई क्रिकेट एक्सपर्ट और फैंस उनकी तुलना अभी से एमएस धोनी से कर रहे हैं. हालांकि, अभी ऐसा कहना थोड़ी जल्दबाजी होगी.

स्ट्राइक रेट से खींचा सबका ध्यान
राजस्थान के विकेटकीपर कार्तिक शर्मा पहली बार आईपीएल में खेलेंगे. कार्तिक ने घरेलू क्रिकेट में निचले क्रम में विस्फोटक बल्लेबाजी से सबका ध्यान खींचा है, खासकर सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी के लीग चरण में, जहां उन्होंने पांच मैचों में 160 से अधिक के स्ट्राइक रेट से 133 रन बनाए. अपने छोटे से टी20 करियर (12 मैच) में भी उन्होंने लगातार 160 से अधिक के स्ट्राइक रेट से बल्लेबाजी की है.

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