चित्तौड़गढ़: जीजा ने साले की स्कॉर्पियों में आग लगा दी. यही नहीं, उसने साथियों के मिलकर साले पर जानलेवा हमला भी किया. मामला राशमी जिले का है, इस दौरान युवक बुरी तरह घायल हो गया. पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. जानकारी के मुताबिक, भीलवाड़ा जिले के लखमनियास का रहने वाला कमलेश जाट अपने भतीजे लादू लाल के साथ बस्सी भेरु खेड़ा गांव में अपनी बहन से मिलकर वापस लौट रहे थे, तभी यह वारदात हुई.
घटना में दोनों को बुरी तरह चोटें आईं. हालांकि भतेजी लादू लाल ने तो किसी तरह जान बचाई, लेकिन कमलेश बुरी तरह जख्मी हो गया. कमलेश का जीजा रतन लाल का उसे फोन आया और राशमी क्षेत्र के सांखली गांव के रास्ते पर मिलने को कहा. इसके बाद कमलेश और लादू लाल अपनी स्कार्पियों लेकर सांखली गांव के ओर जा रहे थे. तभी रास्ते में पहुंना-लालपुरा के बीच एक होटल पर कमलेश के जीजा रतन लाल जाट की गाड़ी खड़ी दिखाई दी.
रतन लाल 15-20 साथियों के साथ अलाव ताप रहा था. जैसे ही जीजा रतन लाल ने अपने साले कमलेश व उसका भतीजा लादू लाल को देखा, उन पर टूट पड़े. जीजा व उसके साथियों ने मिलकर अपने साले पर डंडो, सरियों और पत्थरों से हमला कर दिया. इस हमले में कमलेश और लादू लाल गंभीर रूप से घायल हो गए. हमलावरों ने कमलेश जाट की स्कार्पियों को भी आग के हवाले कर दिया.
हालांकि भतीजा लादू लाल अपनी जान बचाने के लिए जंगल मे छिप गया और परिजनों को फोन कर घटना की जानकारी दी. परिजन मौके पर पहुंचे और घायल कमलेश को चित्तौड़गढ़ जिला अस्पताल में भर्ती करवाया गया. सूचना पर राशमी पुलिस थाना क्षेत्र की पहुंना पुलिस चौकी प्रभारी मय जाब्ता के घटनास्थल पर पहुंचे. कमलेश के भतीजे लादू लाल की रिपोर्ट पर कमलेश के जीजा समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया हैं. पुलिस मामले में जांच कर रही हैं.




