Devajit Saikia Break Silence BCCI Central Contract A+ Category: भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने अपने सालाना सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट स्ट्रक्चर में बड़े बदलाव करने का फैसला किया है, जिसमें सबसे ऊंची कैटेगरी ए+ को हटा दिया गया है। इस बदलाव का सीधा असर टीम इंडिया के सीनियर खिलाड़ियों रोहित शर्मा और विराट कोहली पर पड़ सकता है।
दोनों खिलाड़ी अब टेस्ट और टी20 क्रिकेट से रिटायर हो चुके हैं और सिर्फ वनडे फॉर्मेट खेलते हैं। इसलिए, वे अब ए+ कैटेगरी के लिए एलिजिबल नहीं हैं। बोर्ड सेक्रेटरी देवजीत सैकिया ने हाल ही में इसकी पुष्टि की।
क्यों बंद हो रही है ए+ कैटेगरी?
बीसीसीआई सेक्रेटरी देवजीत सैकिया ने बताया कि ये निर्णय प्रशासनिक कारणों से लिया गया है और इसे लेकर बोर्ड या खिलाड़ियों के बीच किसी तरह की असहमति नहीं है। उन्होंने कहा, “ए+ के लिए जो मानक तय किए गए थे, अब कोई खिलाड़ी उन्हें पूरा नहीं कर रहा। जो खिलाड़ी इस ग्रेड में थे, वे अब केवल एक ही प्रारूप खेल रहे हैं। ऐसे में मजबूरी में यह बदलाव करना पड़ा।
क्यों खास है BCCI सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट ए+ कैटेगरी?
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) के तय कॉन्ट्रैक्ट सिस्टम में, ए+ ग्रेड उन खिलाड़ियों के लिए रिजर्व था जो तीनों फॉर्मैट टेस्ट, वनडे और टी20 में भारत के लिए खेलते थे। इस कैटेगरी के खिलाड़ियों को अभी हर साल 7 करोड़ रुपये मिलते हैं। लेकिन, पिछले साल टीम स्ट्रक्चर में हुए बदलावों की वजह से, अब कोई भी खिलाड़ी इस कैटेगरी के लिए क्वालिफाई नहीं करता है।
इस बदलाव से किसे नुकसान होगा?
इस बदलाव से रोहित शर्मा, विराट कोहली और रवींद्र जडेजा जैसे सीनियर खिलाड़ी ए कैटेगरी में जा सकते हैं, जिसकी सालाना कमाई की लिमिट 5 करोड़ रुपये है। इससे उनकी सालाना कमाई में लगभग 2 करोड़ रुपये की कमी आ सकती है। इस बीच, जसप्रीत बुमराह अभी तीनों फॉर्मेट में एक्टिव रहने वाले अकेले जाने-माने भारतीय खिलाड़ी हैं। उम्मीद है कि नए स्ट्रक्चर के तहत बुमराह को टॉप कैटेगरी में ही रखा जाएगा।




