
मध्य प्रदेश की रहने वाली थी छात्रा.
राजस्थान के कोटा शहर में NEET की तैयारी कर रही 18 साल की एक छात्रा ने जहर खाकर सुसाइड कर लिया. जहर खाने के बाद जब उल्टी होने लगी तो बोली, “मुझे बचा लो, मुझे बचा लो, गलती हो गई.” आवाज सुनकर मकान मालिक और साथी छात्राएं मौके पर पहुंचीं और उसे हॉस्पिटल लेकर गईं. हॉस्पिटल में इलाज के दौरान छात्रा ने दम तोड़ दिया. जानकारी के अनुसार, छात्रा तीन महीने पहले मध्य प्रदेश से कोटा आई थी. जहर लाने के लिए अपने साथी से उसने 100 रुपए लिए थे.
दरअसल, घटना 12 फरवरी की रात 10 बजे दादाबाड़ी थाना इलाके में घटी. छात्रा मध्य प्रदेश की रहने वाली थी. तीन महीने पहले ही कोटा आई थी. सूचना पर पहुंची पुलिस ने मौका मुआयना किया. पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजन को सौंप दिया. SHO बलदेव राम ने बताया कि छात्रा कोटा में रहकर NEET की तैयारी कर रही थी. छात्रा की मौत की सूचना पर परिजन MP से कोटा पहुंचे. परिजनों की शिकायत के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.
जहर खाने के बाद करने लगी उल्टी
कोटा में रहकर पढ़ाई कर रहे MP निवासी छात्र (रिश्ते में भाई) ने बताया कि गुरुवार रात को जहर खाने के बाद छात्रा की तबीयत बिगड़ी, जिस मकान में वह रहती थी, उसमें ही एक अन्य रूम में रहने वाले लड़के और उसकी बहन को जब पता चला तो उन्होंने मकान मालिक को बुलाया. उसे उल्टी होने लगी. वह कह रही थी कि मैंने जहर खा लिया. मुझे बचा लो- मुझे बचा लो, गलती हो गई. इसकी सूचना मकान मालिक ने तुरंत परिजनों को दी.
छात्र ने बताया कि गुरुवार दोपहर 1:57 बजे छात्रा ने मुझे कॉल किया था और कहा कि मुझे 100 रुपए की जरूरत है. मेरे पास नहीं है. अगर आपके पास हो तो मुझे दे दो. मैंने उसे 100 रुपए दे दिए थे. उसके बाद रात को छात्रा के भाई का कॉल आया. उसने कहा कि उसकी बहन की तबीयत खराब है. उसे उल्टी हो रही है. एक बार देख कर आओ. इसके बाद मैं उसके मकान पर गया. मकान मालिक के साथ तुरंत ही उसे निजी अस्पताल लेकर गए, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई.
कोई तनाव नहीं था, टेस्ट में आ रहे थे अच्छे नंबर
मध्य प्रदेश से कोटा पहुंचे छात्रा के भाई ने बताया कि सालभर पहले उसने कोटा में रहकर नीट की कोचिंग की थी. इसके बाद वह एमपी लौट आई थी. अभी तीन महीने पहले ही नीट की सेल्फ स्टडी के लिए अपनी इच्छा से कोटा रहने आई थी. उसने ऑफलाइन टेस्ट सीरीज जॉइन कर रखी थी. उससे गुरुवार शाम को थोड़ी बहुत बातचीत हुई थी. इधर-उधर की बातें की थी. उसकी बहन की रात 10 बजे दीदी से बात हुई थी. जब उसे उल्टी हो रही थी. उसे कोई तनाव नहीं था. टेस्ट में भी अच्छे नंबर आ रहे थे.
वहीं पिता ने बताया कि हमें पता नहीं उसने जहर क्यों खाया. रात को बेटी की तबीयत खराब होने की सूचना मिली थी, जिसके बाद कोटा के लिए रवाना हो गए. गुरुवार रात 8 बजे उससे बात हुई थी. उन्होंने पूछा था कि खाना खा लिया क्या. उसने कहा कि हां खा लिया, लेकिन भगवान को तो कुछ और ही मंजूर था.
(रिपोर्ट- कामेंदु जोशी/कोटा)



