विनेश फोगाट दो साल के बाद मैट पर नजर आईं और उनकी कोशिश थी कि वो एशियन गेम्स 2026 के ट्रायल्स की बाधा पार करके इस इवेंट में भारत का प्रतिनिधित्व करें, लेकिन उनका ये सपना पूरा नहीं हो पाया। ट्रायल्स के सेमीफाइनल में उन्हें मीनाक्षी गोयत ने 46 से हरा दिया। इस हार के बाद विनेश ने भारतीय कुश्ती महासंघ पर जमकर हमला बोला और यहां तक कह दिया कि वो लोग ये भी नहीं चाहते हैं कि मैं जिंदा रहूं।

WFI के लोग बजा रहे थे तालियां
विनेश फोगाट ने कहा कि मैं दो साल के बाद मैट पर उतरी और हारजीत कोई मैटर नहीं करता क्योंकि बड़ेबड़े खिलाड़ियों को हार मिलती है। मेरे लिए हारजीत मायने नहीं रखता, मुझे ये था कि एक फेयर चांस मिले, लेकिन फेयर तो नहीं मिला, लेकिन एक चांस मिला। बाउट के दौरान मेरा हाथ लॉक नहीं हो रखा था बल्कि ये बच्चियों को भी प्रेशर दिया जा रहा है। मेरी अंगुलियां बारबार पकड़ रहे थे और इंटरनेशनल मैच में आप अंगुलियां नहीं पकड़ सकते। उन्हें कुछ नहीं बोला जा रहा था और हम कुछ बोल रहे थे तो कहा जा रहा था कि तुम ऐसे कैसे बोल रहे हो। आप देख रहे थे कि जब मेरे खिलाफ अंक बन रहे थे तो WFI के लोग तालियां बजा रहे थे।
हमने ब्रृज भूषण की पोल खोल दी, उसे नहीं हो रहा है ये हमज
जिस तरह के WFI के लोग तालियां बजा रहे थे उससे उनकी मानसिकता का पता चलता है। मैंने हमेशा सिस्टम के साथ नहीं बल्कि खुद से सबकुछ हासिल किया है। अगर सिस्टम साथ दे तो देश में अच्छे खिलाड़ियों की कमी नहीं है। जो ब्रृज भूषण है उसे ये थोड़े हजम हो रहा है कि हमने पूरे देश के सामने उसकी पोल खोल दी। वो मुझे ऐसे तो नहीं जीतने देगा, लेकिन मैं जिद्दी हूं और आज मैट पर हूं। मैंने जितना हो सकता था अपना बेस्ट दिया, लेकिन हार गई पर मैं और अच्छी ट्रेनिंग करूंगी और फिर से जीत कर दिखाऊंगी। मैं जब से मैट पर आई हूं मैंने किसी पार्टी के नाम का इस्तेमाल नहीं किया। मैं खेल को पूरी तरह से राजनीति से दूर रखती हूं।



