वेदांता समूह की चार नई सूचीबद्ध कंपनियों के शेयरों में बुधवार को जोरदार तेजी देखने को मिली. वेदांता ऑयल एंड गैस, वेदांता पावर, वेदांता आयरन एंड स्टील और वेदांता एल्युमीनियम के शेयर ट्रेडटूट्रेड सेगमेंट से बाहर आने के बाद 20% तक उछल गए. इस तेजी ने निवेशकों का ध्यान एक बार फिर वेदांता समूह की कंपनियों की ओर खींच लिया है.

T2T से बाहर आने का क्या हुआ असर?
T2T यानी ट्रेडटूट्रेड सेगमेंट में शेयरों की हर खरीदबिक्री की डिलीवरी लेना जरूरी होता है. इस सेगमेंट में इंट्राडे ट्रेडिंग की अनुमति नहीं होती, जिससे शेयरों में ट्रेडिंग गतिविधियां सीमित रहती हैं. अब इन चारों कंपनियों के T2T से बाहर आने के बाद निवेशकों को सामान्य तरीके से ट्रेडिंग और इंट्राडे कारोबार की सुविधा मिल गई है. इससे शेयरों में लिक्विडिटी बढ़ी और खरीदारी का दबाव भी तेज हो गया.
चारों शेयरों में दिखी शानदार तेजी
बाजार खुलते ही वेदांता ऑयल एंड गैस, वेदांता पावर, वेदांता आयरन एंड स्टील और वेदांता एल्युमीनियम के शेयरों में तेज खरीदारी देखने को मिली. इनमें से कई शेयर अपने 20% के अपर सर्किट तक पहुंच गए. बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि T2T से बाहर आने के बाद इन शेयरों में ट्रेडिंग वॉल्यूम बढ़ने और निवेशकों की भागीदारी बढ़ने की उम्मीद है, जिसका असर कीमतों पर भी दिखाई दिया.
डिमर्जर के बाद बढ़ी निवेशकों की दिलचस्पी
वेदांता लिमिटेड के कारोबार के प्रस्तावित डिमर्जर के तहत अलगअलग बिजनेस को स्वतंत्र कंपनियों के रूप में विकसित किया जा रहा है. इस रणनीति का उद्देश्य प्रत्येक कारोबार को अपनी क्षमता के अनुसार आगे बढ़ने और निवेशकों को अलगअलग क्षेत्रों में निवेश का विकल्प देना है. इसी वजह से इन कंपनियों पर निवेशकों की नजर बनी हुई है.
आगे क्या देखें निवेशक?
विशेषज्ञों का कहना है कि T2T से बाहर आने के बाद शेयरों में उतारचढ़ाव बढ़ सकता है, क्योंकि अब इंट्राडे ट्रेडिंग भी संभव है. हालांकि, किसी भी शेयर में केवल तेजी देखकर निवेश करने के बजाय कंपनी के कारोबार, वित्तीय स्थिति और भविष्य की संभावनाओं का आकलन करना जरूरी है. निवेशकों को ऐसे शेयरों में निवेश से पहले अपनी जोखिम क्षमता और निवेश रणनीति का भी ध्यान रखना चाहिए.



