ऑस्ट्रेलिया महिला टी20 वर्ल्ड कप का खिताब एक बार फिर अपने नाम करने में सफल रही है। फाइनल में उसने इंग्लैंड को मात देते हुए मोटी कमाई की है।

ऑस्ट्रेलिया ने क्रिकेट के मक्का कहे जाने वाले लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड पर इंग्लैंड को मात देकर सातवीं बार आईसीसी महिला टी20 वर्ल्ड कप का खिताब अपने नाम किया है। इसी के साथ इस टीम की जमकर कमाई भी हुई है। उपविजेता रही इंग्लैंड के हिस्से में भी मोटी रकम आई है।
आईसीसी ने इस बार महिला टी20 वर्ल्ड कप की ईनामी राशि में पिछले विश्व कप की तुलना में 10 फीसदी का इजाफा किया था। इस साल पूरे वर्ल्ड कप के लिए आईसीसी ने तकरीबन 73.1 करोड़ रुपये आवंटित किए थे जो अभी तक सबसे ज्यादा है।
ऑस्ट्रेलिया को मिला कितना पैसा?
इंग्लैंड को सात रनों से मात देने वाली ऑस्ट्रेलिया को अपनी सातवीं वर्ल्ड कप ट्रॉफी जीतने पर 19.5 करोड़ रुपये मिले हैं। वहीं इंग्लैंड के हिस्से 9.7 करोड़ रुपये आए हैं। इस बार सिर्फ आईसीसी ने ईनामी राशि में ही इजाफा नहीं किया था बल्कि टीमों की संख्या भी 10 से 12 कर दी थी। इस टूर्नामेंट में हिस्सा लेने वाली सभी टीमों को 2.06 करोड़ रुपये की राशि मिली है।
सेमीफाइनल हारने वाली टीमों को आईसीसी ने 6.42 करोड़ रुपये दिए हैं। ऑस्ट्रेलिया ने वेस्टइंडीज को मात देकर फाइनल में जगह बनाई थी तो वहीं इंग्लैंड ने साउथ अफ्रीका को हराया था। ग्रुप स्टेज में मिली हर जीत पर भी टीमों को पैसा मिला है। फाइनेंशियल एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, ऑस्ट्रेलिया ने इस टूर्नामेंट से कुल 20.8 करोड़ रुपये कमाए हैं जिनमें पांच ग्रुप स्टेज के मैचों की कमाई भी शामिल है।
ऐसा रहा मैच
जहां तक मैच की बात है तो इंग्लैंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए चार विकेट खोकर 150 रन बनाए थे। उसके लिए कप्तान नेट सिवर ब्रंट ने 53 गेंदों पर 58 रनों की पारी खेली। फ्रेया कैम्प ने 28 गेंदों पर चार चौके और एक छक्के की मदद से नाबाद 44 रन बनाए। ऑस्ट्रेलिया ने 17.1 ओवरों में तीन विकेट खोकर टारगेट हासिल कर लिया। उसके लिए बेथ मूनी ने अर्धशतकीय पारी खेली। उन्होंने 49 गेंदों पर 10 चौकों की मदद से 64 रन बनाए। फोबी लिचफील्ड ने 35 गेंदों पर छह चौके और दो छक्कों की मदद से 48 रनों की पारी खेली थी।


