Joe Root: भारत और इंग्लैंड के बीच कल दूसरा वनडे मैच खेला गया, जिसे इंग्लैंड ने अपने सबसे अनुभवी बल्लेबाज जो रूट की नाबाद 99 रनों की पारी की बदौलत 4 विकेट से अपने नाम किया. भारतीय टीम को टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करने के लिए उतरना पड़ा. टीम इंडिया ने बेहद शानदार शुरुआत की और 30 ओवरों में 3 विकेट के नुकसान पर 180 रन बना चुकी थी, लेकिन इसके बाद जो विकेट गिरने का सिलसिला शुरू हुआ वो खत्म नही हुआ और टीम इंडिया 233 रनों पर आलआउट हो गई.

इसके बाद जो रूट ने एक छोर संभाला और भारतीय टीम को अकेले ही शिकस्त दी. जो रूट ने 99 रनों की पारी खेली और नाबाद लौटे, जो रूट की बदौलत ही इंग्लैंड की टीम जीतने में सफल रही. जो रूट ने शतक से चूकने के बाद क्या कुछ कहा आइए जानते हैं.
Joe Root ने बताया क्यों 99 रन बनाने के बावजूद नही बनाया शतक
इंग्लैंड के सबसे अनुभवी बल्लेबाज जो रूट शतक न लगा पाने के बावजूद सीरीज बराबर करके बेहद खुश हैं. जो रूट ने पलयेर ऑफ द मैच का ख़िताब लेते हुए कहा कि
“बिल्कुल, खेल का मज़ा भी यही है. लॉर्ड्स जाने से पहले सीरीज़ 11 से बराबर है और ऐसी परिस्थितियों में, ऐसी पिच पर, आखिर तक टिके रहना और जीत हासिल करना शायद क्रिकेट में सबसे अच्छा एहसास होता है.”
जो रूट अपने शतक से सिर्फ 1 रन दूर रह गए, दूसरे छोर से गस एटकिंसन ने विनिंग शॉट लगाकर इंग्लैंड को 4 विकेट से जीत दिला दी. मैच के बाद उन्होंने कहा कि
“मैं कुछ बार आउट हुआ हूँ, मज़ेदार बात है, लेकिन नहीं. जैसा कि मैंने कहा, आप इसके लिए नहीं खेलते. आप मैच जीतने के लिए खेलते हैं. और यह सीरीज़ अब पूरी तरह से ज़िंदा है, जैसा कि हमने आज शुरुआत में सोचा था. और अब मैं लॉर्ड्स में होने वाले बड़े मैच का बेसब्री से इंतज़ार कर रहा हूँ.”
इंलैंड के हालिया फॉर्म और आलोचना पर भी बोले Joe Root
इंग्लैंड का प्रदर्शन हाल में वनडे में बेहद खराब रहा है, लेकिन अब जब टीम ने भारत के खिलाफ दूसरे वनडे में जीत हासिल की तो इंग्लैंड टीम की हो रही आलोचना पर जो रूट ने खुलकर बात की. जो रूट ने कहा कि
“खैर, यह इस बात पर निर्भर करता है कि आप इसे कैसे देखते हैं. मेरा मतलब है, आप पिछले 30 मैचों और हमारे रिकॉर्ड को देख सकते हैं, या आप अभी की स्थिति को देख सकते हैं. और मुझे लगता है कि इस टीम को अभी की स्थिति के आधार पर आंका जाना चाहिए. हमने श्रीलंका में जीत हासिल की, जो चार साल में वहाँ जीतने वाली पहली टीम थी. और उस सीरीज़ की तरह ही, हमने पहला मैच गंवाया, सबक सीखे, और बेहतर हुए और परिस्थितियों के अनुसार ढले. और आज हमने ठीक वैसा ही किया.”
जो रूट ने लॉर्ड्स में होने वाले तीसरे और अंतिम वनडे मैच से पहले कहा कि
“चुनौती यह है कि क्या हम लॉर्ड्स में ऐसा कर सकते हैं, जब दबाव हो और सामने एक शानदार टीम हो दुनिया की नंबर एक टीम. हमारे लिए इस तरह डटकर खेलना दिखाता है कि हम कहाँ खड़े हैं और यह हमारे लिए एक अच्छा पैमाना है. तो, चलिए लॉर्ड्स में भी इसे दोहराते हैं. और फिर मुझे लगता है कि इस टीम की स्थिति को देखने का नज़रिया या लोगों की सोच बहुत अलग है. मुझे लगता है कि यह टीम उस जगह पर है जो कुछ लोगों की सोच से अलग है.”



