
बागपत : उत्तर प्रदेश के बागपत से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है. यहां के चांदीनगर थाना क्षेत्र के लहचौड़ा स्थित गणेश मंदिर परिसर में बुधवार देर रात दो शव जमीन में दबे मिले. ये दोनों दोस्त 25 जुलाई से लापता थे. पुलिस के पहुंचने से पहले ही महंत फरार हो गया, जबकि उसके दो शिष्यों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है.
बाइक से निकले थे दोनों दोस्त
सिगोली तगा निवासी इसरार पुत्र रिड़कू और अंकित पुत्र मुकेश आपस में दोस्त थे. दोनों 25 जुलाई को बाइक से घूमने के लिए घर से निकले थे, लेकिन देर शाम तक घर वापस नहीं लौटे. परिजनों ने रिश्तेदारों और परिचितों के यहां तलाश की, लेकिन दोनों का कोई सुराग नहीं मिला. इसके बाद 29 जुलाई को चांदीनगर थाने में दोनों की गुमशुदगी दर्ज कराई गई. पुलिस ने तलाश शुरू की.
मुखबिर की सूचना से मंदिर पर गहराया शक
जांच के दौरान पुलिस को लहचौड़ा स्थित गणेश मंदिर से जुड़े कुछ लोगों पर शक हुआ. मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस महंत नरेश नाथ से पूछताछ करने मंदिर पहुंची, लेकिन वह वहां नहीं मिला. पुलिस ने महंत के दो शिष्यों को हिरासत में लेकर पूछताछ की. पूछताछ के दौरान मंदिर परिसर में शव दबाए जाने की जानकारी सामने आई. बुधवार रात करीब 3 बजे मंदिर परिसर में खुदाई शुरू कराई. कुछ देर बाद जमीन के अंदर से दोनों युवकों के शव बरामद कर लिए गए. शव मिलने की सूचना पर मृतकों के परिजन और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए. पुलिस ने शवों का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए बागपत भेज दिया है.
महंत फरार, दो शिष्यों से पूछताछ
चांदीनगर थाना प्रभारी राकेश कुमार के मुताबिक दोनों लापता युवकों के शव मंदिर परिसर से बरामद किए गए हैं. महंत फरार है, जबकि उसके दो शिष्यों से पूछताछ की जा रही है. पुलिस मंदिर और आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाल रही है. साथ ही मृतकों के मोबाइल, बाइक और अन्य सबूतों की जांच की जा रही है. घटना के पीछे पुरानी रंजिश और अवैध संबंधों से जुड़े विवाद की चर्चाएं हैं, लेकिन पुलिस ने अभी किसी वजह की पुष्टि नहीं की है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही मौत की वास्तविक वजह सामने आएगी.



