Himalaya Nutravedics Share Price: शेयर बाजार में आज कोहराम मचा हुआ है. सेंसेक्स से लेकर निफ्टी 50 तक लाल निशान में कारोबार कर रहे हैं. ऐसी घबराहट वाले माहौल में भी एक कंपनी ने अपने निवेशकों के चेहरे पर मुस्कान ला दी है. ये कंपनी है आयुर्वेदिक दवा बनाने वाली हिमालय न्यूट्रावेदिक्स. आज बीएसई एसएमई प्लेटफॉर्म पर इसके शेयरों की शानदार एंट्री हुई है. एक तरफ जहां बड़ेबड़े शेयर टूट रहे थे, वहीं हिमालय न्यूट्रावेदिक्स के शेयर मजबूती के साथ खुले. सिर्फ खुले ही नहीं बल्कि कुछ ही देर में इनमें अपर सर्किट भी लग गया. जिन निवेशकों ने इस आईपीओ में पैसा लगाया था उनकी आज अच्छी कमाई हो गई है.

निवेशकों को मिला तगड़ा मुनाफा
हिमालय न्यूट्रावेदिक्स ने अपने आईपीओ में शेयरों का भाव 106 रुपये तय किया था. आज बीएसई एसएमई पर इस शेयर ने 118 रुपये पर एंट्री ली. इसका सीधा मतलब है कि बाजार में कदम रखते ही निवेशकों को 11.32 फीसदी का लिस्टिंग गेन मिल गया. लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं हुई. लिस्टिंग के तुरंत बाद शेयर की कीमत रॉकेट की तरह भागी. शेयर की कीमत उछलकर 123.90 रुपये पर पहुंच गई. इसी भाव पर शेयर में अपर सर्किट लग गया. कुल मिलाकर देखें तो जिन लोगों को शेयर अलॉट हुए थे वो अब करीब 17 फीसदी के भारी मुनाफे में बैठे हैं.
निवेशकों ने दिखाया था भारी उत्साह
कंपनी का 26 करोड़ रुपये का आईपीओ 22 से 24 सितंबर के बीच खुला था. इस आईपीओ को बाजार से बहुत अच्छा रिस्पॉन्स मिला था. ये कुल मिलाकर 2.33 गुना सब्सक्राइब हुआ था. इसमें सबसे ज्यादा दिलचस्पी नॉनइंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स ने दिखाई थी जिनका हिस्सा 3.58 गुना भरा था. इसके बाद खुदरा निवेशकों का हिस्सा भी 2.56 गुना भर गया था. कंपनी ने 10 रुपये की फेस वैल्यू वाले 24,99,600 नए शेयर जारी किए हैं.
जुटाए गए पैसों का क्या करेगी कंपनी
शेयर बाजार से जुटाए गए 26 करोड़ रुपये का इस्तेमाल कंपनी अपने बिजनेस को बढ़ाने में करेगी. इसमें से सबसे बड़ा हिस्सा यानी 13.75 करोड़ रुपये वर्किंग कैपिटल की जरूरतों को पूरा करने में लगाए जाएंगे. इसके अलावा 7.50 करोड़ रुपये बिजनेस डेवलपमेंट मार्केटिंग जैसी चीजों पर खर्च होंगे. बाकी बचे पैसों में से 3.17 करोड़ रुपये आम कॉरपोरेट कामों में इस्तेमाल किए जाएंगे. करीब 2 करोड़ रुपये आईपीओ से जुड़े खर्चों में जाएंगे.
वित्तीय स्थिति लगातार हो रही मजबूत
हिमालय न्यूट्रावेदिक्स का बिजनेस मॉडल काफी सुरक्षित माना जाता है. ये कंपनी खुद के ब्रांड के तहत आयुर्वेदिक उत्पाद बेचती है. साथ ही दूसरी कंपनियों के लिए भी उनके फॉर्मूले के हिसाब से प्रोडक्ट तैयार करती है. वित्त वर्ष 2026 में कंपनी की कुल कमाई में इसके अपने प्रोडक्ट्स की हिस्सेदारी 51 फीसदी से ज्यादा रही है. कंपनी की बैलेंस शीट भी काफी मजबूत दिख रही है. पिछले तीन सालों में इसका शुद्ध मुनाफा 315 फीसदी की तेज रफ्तार से बढ़ा है. ये मुनाफा अब 7.39 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है. कंपनी पर कर्ज सिर्फ 5.13 करोड़ रुपये है जबकि इसके पास 10 करोड़ रुपये से ज्यादा का रिजर्व मौजूद है.



