
हरियाणा के रेवाड़ी स्थित महाराजा अस्पताल में रविवार सुबह डिलीवरी के दौरान एक महिला की मौत हो गई, जबकि उसकी नवजात बच्ची सुरक्षित है। महिला की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल में हंगामा करते हुए डॉक्टर पर इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाया। वहीं, संबंधित डॉक्टर ने इन आरोपों को खारिज करते हुए महिला की मौत की वजह साइलेंट अटैक बताई है।
ऑपरेशन के दौरान गलत नस कटने का आरोप
जानकारी के अनुसार, रेवाड़ी के मोहल्ला संघी का बास निवासी पूनम को डिलीवरी के लिए महाराजा अस्पताल में भर्ती कराया गया था। रविवार सुबह प्रसव के दौरान उनकी मौत हो गई। इस घटना में नवजात बच्ची सुरक्षित बताई गई है।
महिला के परिजनों का आरोप है कि ऑपरेशन के दौरान डॉक्टर से गलत नस कट गई, जिसके बाद अत्यधिक रक्तस्राव होने लगा। परिवार का दावा है कि रक्तस्राव नहीं रुक पाया और समय पर उचित उपचार नहीं मिलने के कारण पूनम की जान चली गई।
महिला की मौत की खबर मिलने के बाद परिजनों ने अस्पताल पहुंचकर नाराजगी जताई और इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया।
डॉक्टर ने लापरवाही के आरोपों से किया इनकार
महाराजा अस्पताल की डॉक्टर दीप्ति ने इलाज में किसी भी तरह की लापरवाही होने से इनकार किया है। उनके अनुसार, महिला को साइलेंट अटैक आया था, जिसके कारण उसकी मौत हुई।
इस तरह महिला की मौत को लेकर परिजनों और डॉक्टर के बयान अलग-अलग हैं। परिवार ऑपरेशन के दौरान कथित गलती और रक्तस्राव को मौत की वजह बता रहा है, जबकि डॉक्टर ने साइलेंट अटैक का दावा किया है।
जांच के बाद स्पष्ट होगी मौत की वजह
फिलहाल उपलब्ध जानकारी के आधार पर महिला की मौत का वास्तविक कारण स्पष्ट नहीं है। यह पता लगाने के लिए जांच जरूरी है कि मौत की वजह क्या थी और इलाज के दौरान किसी तरह की लापरवाही हुई या नहीं।
घटना ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है। नवजात बच्ची सुरक्षित है, लेकिन पूनम की मौत को लेकर उठे सवालों का जवाब जांच के बाद ही मिल सकेगा।
डिस्क्लेमर: यह खबर उपलब्ध मीडिया रिपोर्टों और संबंधित पक्षों के बयानों के आधार पर तैयार की गई है। डॉक्टर पर लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। मौत की वास्तविक वजह और संभावित लापरवाही का निर्धारण जांच के बाद ही हो सकेगा।



