
एक निजी कंपनी में काम करने वाली महिला मैनेजर के लिए साल के आखिर में आयोजित पार्टी जिंदगी का सबसे डरावना अनुभव बन गई थी। पार्टी में उसके साथ काम करने वाले अधिकारी और सहकर्मी भी मौजूद थे। देर रात तक जश्न चलता रहा, लेकिन उसे अंदाजा भी नहीं था कि घर लौटते समय उसके साथ कुछ ऐसा होने वाला था, जिसकी याद उसे लंबे समय तक परेशान करने वाली थी।
यह घटना एक पुराने मामले से जुड़ी थी, जिसमें एक महिला ने अपनी ही कंपनी के वरिष्ठ अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए थे। शिकायत के मुताबिक, पार्टी खत्म होने के बाद उसे घर छोड़ने के बहाने कार में बैठाया गया था।
पार्टी के बाद कार में बैठाया
महिला के अनुसार, कंपनी में साल के अंत और एक वरिष्ठ अधिकारी के जन्मदिन के मौके पर पार्टी रखी गई थी। 20 दिसंबर की रात आयोजित इस कार्यक्रम में शराब और डांस का दौर देर तक चला था।
पार्टी खत्म होने के बाद कंपनी की एक महिला वरिष्ठ अधिकारी ने उसे घर छोड़ने की बात कही। इसके बाद महिला मैनेजर को उसकी कार में बैठाया गया। कार की ड्राइविंग सीट पर उस वरिष्ठ अधिकारी का पति था, जबकि कंपनी का एक अन्य बड़ा अधिकारी भी कार में मौजूद था।
रास्ते में नशीला पदार्थ देने का आरोप
महिला ने पुलिस को दी शिकायत में आरोप लगाया था कि कार में उसे नशीली सिगरेट दी गई, जिसके बाद वह होश खो बैठी। उसका आरोप था कि इसी हालत का फायदा उठाकर कार में मौजूद दो पुरुषों ने उसके साथ दुष्कर्म किया।
शिकायत के अनुसार, बाद में उसे घर छोड़ दिया गया। उस समय वह पूरी तरह से होश में नहीं थी और उसे रात में हुई घटनाओं की जानकारी नहीं थी।
अगली सुबह होश आया तो परेशान रह गई महिला
महिला ने बताया था कि अगली सुबह जब उसकी नींद खुली तो उसे अपने शरीर पर चोट के निशान महसूस हुए। उसने यह भी आरोप लगाया कि उसके कुछ निजी सामान गायब थे। इसके बाद उसे पिछली रात के घटनाक्रम पर संदेह हुआ और उसने पूरे मामले की शिकायत पुलिस से की।
महिला ने अपनी शिकायत में कंपनी के मुख्य अधिकारी, महिला वरिष्ठ अधिकारी और उसके पति को आरोपी बनाया था।
तीन आरोपियों को किया गया था गिरफ्तार
मामले की शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की थी। उस समय सामने आई रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था। पुलिस ने महिला के आरोपों और घटनाक्रम से जुड़े साक्ष्यों की जांच शुरू की थी।
यह मामला इसलिए भी चर्चा में आया था क्योंकि शिकायत में जिन लोगों पर आरोप लगाए गए थे, वे सभी महिला के कार्यस्थल से जुड़े हुए थे। हालांकि, किसी भी आरोपी के खिलाफ आरोपों को अदालत में साबित होना जरूरी था।
एक ऐसी पार्टी, जिसे महिला ने सामान्य ऑफिस कार्यक्रम समझकर हिस्सा लिया था, उसके लिए जिंदगी का बेहद भयावह अनुभव बन गई थी। इस घटना ने कार्यस्थल पर भरोसे, सुरक्षा और महिलाओं की गरिमा से जुड़े गंभीर सवाल खड़े किए थे।
— Satya Report



