
उत्तर प्रदेश: परिवार के भीतर एक नाबालिग के कथित यौन शोषण का मामला सामने आने के बाद इलाके में चर्चा शुरू हो गई थी। आरोप था कि दो बच्चों की मां एक महिला पिछले करीब ढाई साल से अपने 17 वर्षीय भतीजे का शारीरिक शोषण कर रही थी। मामला तब सामने आया, जब किशोर ने परेशान होकर अपने परिवार को पूरी बात बताई। शिकायत के बाद पुलिस ने महिला को गिरफ्तार कर लिया था।
किशोर ने परिवार को बताई आपबीती
मामले के मुताबिक, महिला रिश्ते में किशोर की चाची लगती थी। आरोप था कि वह उसे मौका मिलने पर अकेले कमरे में ले जाती और उसके साथ जबरदस्ती करती थी। यह सिलसिला लंबे समय तक चलता रहा।
किशोर का आरोप था कि महिला उस पर लगातार उसके साथ संबंध बनाए रखने का दबाव डालती थी। जब उसने इसका विरोध किया तो उसे गंभीर परिणाम भुगतने और दुष्कर्म के मामले में फंसाकर जेल भिजवाने की धमकी दी गई।
गर्भवती होने का भी किया था दावा
रिपोर्ट के अनुसार, महिला ने दावा किया था कि वह किशोर के साथ कथित संबंधों के कारण गर्भवती है और करीब दो महीने का गर्भ है। इसके बाद वह किशोर पर शादी करने का दबाव बनाने लगी थी।
किशोर के इनकार करने पर विवाद बढ़ता गया। आखिरकार उसने अपने परिवार को पूरी बात बताई, जिसके बाद परिजनों ने मामले को सुलझाने की कोशिश की।
पंचायत के बाद भी नहीं रुका विवाद
परिवार की ओर से पंचायत के जरिए मामला सुलझाने का प्रयास किया गया, लेकिन महिला कथित तौर पर किशोर पर दबाव बनाती रही। इसके बाद मामला पुलिस तक पहुंचा और शिकायत के आधार पर जांच शुरू की गई।
POCSO एक्ट के तहत हुई कार्रवाई
पुलिस ने किशोर के बयान और शिकायत के आधार पर मामले की जांच की। रिपोर्ट के मुताबिक, महिला को गिरफ्तार कर पॉक्सो एक्ट के तहत कार्रवाई की गई और उसे जेल भेज दिया गया।
इस मामले में किशोर की उम्र 17 वर्ष बताई गई थी। कानून के तहत नाबालिग की सुरक्षा और सहमति से जुड़े मामलों को गंभीरता से देखा जाता है। महिला के खिलाफ लगाए गए आरोपों पर अंतिम फैसला न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगा।
— Satya Report



