
मध्य प्रदेश: तीन शादियों के बाद भी संतान नहीं होने और बदलते पारिवारिक रिश्तों के बीच एक व्यक्ति की जिंदगी का अंत बेहद दर्दनाक तरीके से हुआ था। भैयालाल रजक की हत्या के मामले में पुलिस जांच के दौरान जो कहानी सामने आई, उसमें उसकी तीसरी पत्नी मुन्नी और उसके कथित प्रेमी लल्लू कुशवाहा की भूमिका उजागर हुई थी। पुलिस के मुताबिक, दोनों ने मिलकर भैयालाल को रास्ते से हटाने की योजना बनाई थी।
करीब 50 वर्षीय भैयालाल ने पहली पत्नी से अलग होने के बाद गुड्डी से दूसरी शादी की थी। जब इस विवाह से भी संतान नहीं हुई तो उसने गुड्डी की छोटी बहन मुन्नी से तीसरी शादी कर ली। इस तरह दोनों बहनें एक ही व्यक्ति की पत्नियां बन गई थीं। शुरुआत में परिवार इसी व्यवस्था के साथ रह रहा था, लेकिन समय के साथ रिश्तों में बदलाव आने लगा।
पुलिस की जांच के अनुसार, मुन्नी का बाद में लल्लू कुशवाहा के साथ प्रेम संबंध बन गया। वह उसके साथ रहना चाहती थी, लेकिन भैयालाल के रहते ऐसा संभव नहीं था। इसी वजह से मुन्नी और लल्लू ने कथित तौर पर उसकी हत्या की योजना तैयार की।
आधी रात घर में घुसे हमलावर
पुलिस के मुताबिक, अगस्त के अंतिम सप्ताह में रात करीब दो बजे लल्लू कुशवाहा अपने साथी धीरज कोल के साथ भैयालाल के घर पहुंचा। उस समय भैयालाल खटिया पर सो रहा था। आरोप है कि दोनों ने लोहे की रॉड से उसके सिर पर हमला कर दिया। गंभीर चोटों के कारण उसकी मौत हो गई।
हत्या के बाद आरोपियों ने शव को बोरे में भरा और घर के पास खेत में बने एक कुएं में फेंक दिया। इस तरह वारदात को छिपाने की कोशिश की गई, ताकि किसी को तुरंत घटना का पता न चल सके।
कुएं में मिला शव, परिवार में मचा हड़कंप
31 अगस्त की सुबह भैयालाल की दूसरी पत्नी गुड्डी ने उसके मोबाइल पर संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन फोन बंद मिला। इसके बाद उसकी तलाश शुरू की गई। खोजबीन के दौरान खेत के कुएं में उसका शव दिखाई दिया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को बाहर निकलवाकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सिर पर किसी भारी वस्तु से वार किए जाने के निशान सामने आए। इससे पुलिस को संदेह हुआ कि भैयालाल की मौत सामान्य परिस्थितियों में नहीं हुई थी। इसके बाद हत्या का मामला मानकर जांच आगे बढ़ाई गई।
कॉल डिटेल से खुलने लगी साजिश की परतें
जांच के दौरान पुलिस का शक मुन्नी पर गहराया। पुलिस ने मोबाइल कॉल रिकॉर्ड और लोकेशन की पड़ताल की। सामने आया कि हत्या वाली रात मुन्नी अपने बच्चों के साथ मायके गई हुई थी और उसका लल्लू से लगातार संपर्क था।
शुरुआत में लल्लू ने हत्या में शामिल होने से इनकार किया, लेकिन पुलिस के सामने तकनीकी साक्ष्य आने के बाद पूछताछ में उसने कथित तौर पर साजिश की बात स्वीकार कर ली। पुलिस के अनुसार, मुन्नी और लल्लू को लगता था कि भैयालाल के रहते वे साथ नहीं रह पाएंगे। इसी सोच के चलते हत्या की योजना बनाई गई थी।
बहन को सौत बनाया, लेकिन हत्या की उम्मीद नहीं थी
इस घटना का सबसे दुखद पहलू गुड्डी की स्थिति थी। उसने पुलिस को बताया कि उसने अपनी छोटी बहन मुन्नी को खुद अपने पति की पत्नी के रूप में स्वीकार किया था। इसके बावजूद उसे कभी अंदाजा नहीं था कि मुन्नी उसके पति की हत्या की साजिश में शामिल हो सकती है।
गुड्डी के मुताबिक, उसने मुन्नी को बहन की तरह ही रखा था और उसे उम्मीद नहीं थी कि रिश्तों के बीच ऐसा खौफनाक मोड़ आ जाएगा।
तीन आरोपियों की गिरफ्तारी
अनूपपुर पुलिस ने कॉल डिटेल, मोबाइल लोकेशन और पूछताछ से मिले तथ्यों के आधार पर मामले की कड़ियां जोड़ीं। जांच में मुन्नी, लल्लू कुशवाहा और धीरज कोल की भूमिका सामने आने के बाद तीनों को गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद उन्हें अदालत में पेश किया गया।
इस घटना ने एक परिवार को बिखेर दिया था। जिस रिश्ते को परिवार ने स्वीकार कर साथ निभाने की कोशिश की थी, उसी के भीतर पनपी कथित साजिश ने एक व्यक्ति की जान ले ली।
Satya Report डिस्क्लेमर: यह पुरानी घटना उस समय प्रकाशित रिपोर्ट और पुलिस की जांच में सामने आई जानकारी पर आधारित है। आरोपों और स्वीकारोक्ति से जुड़े विवरण संबंधित पुलिस कार्रवाई के अनुसार हैं। अंतिम निर्णय न्यायालय की प्रक्रिया के अधीन है।



