Satya Report: अगर आपके पास रिटायरमेंट के समय 2 करोड़ रुपए का कॉर्पस है, तो सबसे बड़ा सवाल यही होता है कि हर महीने कितनी इनकम निकाली जा सकती है और यह पैसा कितने साल तक चलेगा. इसका जवाब सीधा नहीं है, क्योंकि यह आपके निवेश के तरीके, मिलने वाले रिटर्न, महंगाई और रिटायरमेंट की अवधि पर निर्भर करता है.

सेफ विदड्रॉल रेट क्या है और क्यों जरूरी?
फाइनेंशियल एक्सपर्ट्स के मुताबिक, रिटायरमेंट में सेफ विदड्रॉल रेट (SWR) अपनाना सबसे समझदारी भरा तरीका है. इसका मतलब है कि आप हर साल अपने कुल फंड का एक तय प्रतिशत ही निकालें, ताकि पैसा लंबे समय तक चलता रहे. आमतौर पर 4% का विदड्रॉल रेट संतुलित माना जाता है.
- 3% पर करीब ₹50,000/माह (कम जोखिम)
- 4% पर करीब ₹67,000/माह (बैलेंस्ड)
- 5% पर करीब ₹83,000/माह (ज्यादा जोखिम)
निवेश का तरीका तय करेगा आपकी कमाई
आपका पैसा कहां निवेश है, इससे आपकी इनकम में बड़ा फर्क पड़ता है.
कंजर्वेटिव पोर्टफोलियो (सुरक्षित निवेश)
- अगर पैसा FD, बॉन्ड या सरकारी योजनाओं में है, तो 66.5% रिटर्न मिल सकता है.
- अनुमानित इनकम: ₹65,000₹70,000/माह.
हाइब्रिड पोर्टफोलियो (डेट + इक्विटी)
- इसमें जोखिम और रिटर्न का संतुलन रहता है.
- अनुमानित इनकम: ₹75,000₹85,000/माह
एग्रेसिव पोर्टफोलियो (इक्विटी ज्यादा)
- लंबे समय में ज्यादा रिटर्न की संभावना रहती है, लेकिन उतार-चढ़ाव भी ज्यादा होता है.
- अनुमानित इनकम: ₹85,000₹95,000/माह
पैसे की निकासी कैसे करें?
एक्सपर्ट्स सलाह देते हैं कि सभी एसेट क्लास (इक्विटी, डेट, गोल्ड) से बराबर पैसा निकालना जरूरी नहीं है. जब शेयर बाजार गिर रहा हो, तो इक्विटी से निकासी कम करें. उस समय डेट या सुरक्षित निवेश से खर्च चलाएं. बाजार सुधरने पर पोर्टफोलियो को फिर से बैलेंस करें. महंगाई को नजरअंदाज करना भारी पड़ सकता है. रिटायरमेंट में सबसे बड़ा खतरा महंगाई है. अगर औसतन महंगाई 5% है, तो आपके खर्च हर साल बढ़ते जाएंगे. उदाहरण के तौर पर, आज का ₹50,000 मासिक खर्च 2025 साल में ₹1.5 लाख से ज्यादा हो सकता है. इसलिए जरूरी है कि आपके पोर्टफोलियो में इक्विटी या ग्रोथ वाले निवेश भी शामिल हों, ताकि आपका पैसा महंगाई से तेज बढ़ सके. .
अपनाएं 3-बकेट स्ट्रेटजी
एक्सपर्ट्स के मुताबिक, रिटायरमेंट प्लानिंग के लिए 3-बकेट स्ट्रेटजी काफी प्रभावी है.
- 1218 महीने का खर्च: लिक्विड फंड में
- 23 साल का खर्च: डेट फंड में
- बाकी पैसा: इक्विटी/हाइब्रिड फंड में
यह तरीका आपको नियमित इनकम के साथ-साथ लंबी अवधि में ग्रोथ भी देता है.
- प्लानिंग करते समय ध्यान रखें ये बातें
- 23 साल का खर्च हमेशा सुरक्षित निवेश में रखें
- बाजार गिरने पर इक्विटी बेचने से बचें
- हेल्थ खर्च और लंबी उम्र का प्लान बनाएं
- हर साल अपने निवेश और निकासी की समीक्षा करें₹2 करोड़ का रिटायरमेंट फंड सही प्लानिंग के साथ आपको आरामदायक जीवन दे सकता है. लेकिन सिर्फ ज्यादा इनकम निकालने पर ध्यान देने की बजाय यह जरूरी है कि आपकी आय लंबे समय तक टिकाऊ रहे और महंगाई का असर कम हो.



