जिम जाने वाले कई लोग मसल्स बनाने के लिए किएटिनिन सप्लीमेंट लेते हैं. इससे बॉडी बिल्डिंग में काफी फायदा होता है, हालांकि इसके अपने नुकसान भी हैं, लेकिन अब एक नई रिसर्च में पता चला है कि यह मेमोरी और फोकस बेहतर कर सकता है और मूड सुधारने में भी फायदेमंद है, लेकिन इसको सीमित मात्रा में और अपने डॉक्टर की सलाह पर ही लेना चाहिए.

किएटिनिन क्या है ये शरीर के लिए कैसे फायदेमंद है, कितनी मात्रा में लेना चाहिए इस बारे में एक्सपर्ट से जानते हैं. दिल्ली में वरिष्ठ फिजिशियन डॉ अजय कुमार बताते हैं कि क्रिएटिनिन हमारे शरीर में भी बनता है. यह लिवर, किडनी और पैंक्रियाज में बनता है. ये स्टोर भी मसल्स में भी होता है. कुछ लोगों में ये अच्छी मात्रा में बनता है तो कुछ में कम में, लेकिन बनता सब में है,,जिनको मसल्स बनाने हैं वह इसको बाहर से भी सप्लीमेंट के तौर पर लेते हैं. इसको लेने से हाईइंटेंसिटी वर्कआउट में परफॉर्मेंस बेहतर होती है और ट्रेनिंग वॉल्यूम बढ़ता है. इसलिए अधिकतर जिम में ट्रेनर इसको लेने की सलाह देते हैं.
क्रिएटिनिन दिमाग के लिए कैसे है फायदेमंद
डॉ अजय कुमार बताते हैं कि क्रिएटिटिन शरीर में एनर्जी बढ़ाने का काम करती है. ये शरीर में एजोडसाइन को फिर से रीजनेरट करका है और इससे तुरंत एनर्जी मिलती है. यह मेमोरी और फोकस बेहतर कर सकता है. खासकर बुजुर्गों में ज्यादा असरदार हो सकता है, लेकिन इसका सेवन हमेशा सीमित मात्रा में और डॉक्टर की सलाह पर ही करना चाहिए. बिना डॉक्टर की सलाह पर अधिक मात्रा में सेवन करने से ये किडनी और पैंक्रियाज को नुकसान कर सकता है.
किन लोगों को नहीं लेना चाहिए क्रिएटिनिन
जिन लोगों को किडनी की कोई भी बीमारी है उनको क्रिएटिनिन सप्लीमेंट लेने से बचने की जरूरत है. क्योंकि इससे किडनी की सेहत खराब हो सकती है. इसके अलावा हाई बीपी के मरीजों को भी इसको लेने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए. अगर आप जिम करते हैं तो भी इसको बिना डॉक्टर की सलाह के लेना ठीक नहीं है. हां, अगर आप हैवी वर्कआउट करते हैं और शरीर को अधिक एनर्जी की जरूरत है तभी इसको लें.



