Jalgaon ACB Trap Action: जलगांव जिले में सार्वजनिक निर्माण विभाग पीडब्ल्यूडी में रिश्वतखोरी का बड़ा मामला सामने आया है। एसीबी ने कार्रवाई करते हुए शाखा अभियंता योगेश अहिरे को रंगेहाथ गिरफ्तार किया है। ठेकेदार का विभाग में बड़ा बिल लंबित था। इस बिल को मंजूर कराने के लिए उसने संबंधित शाखा अभियंता से संपर्क किया था।

आरोप है कि अभियंता योगेश अहिरे ने बिल पास करने के एवज में 15 लाख रुपये की रिश्वत की मांग की थी। शुरुआत में दबाव बनाकर पूरी रकम की मांग की गई, लेकिन बाद में सौदेबाजी के तहत राशि घटाकर 5 लाख रुपये पर सहमति बनी। ठेकेदार रिश्वत देने के लिए तैयार नहीं था, जिसके बाद उसने मामले की शिकायत सीधे एसीबी से की।
एसीबी ने जाल बिछाया और योजना के तहत कार्रवाई
शिकायत की पुष्टि के बाद एसीबी ने जाल बिछाया और योजना के तहत कार्रवाई की। शनिवार दोपहर कार्यालय परिसर में जैसे ही अभियंता ने 5 लाख रुपये की रिश्वत स्वीकार की, एसीबी की टीम ने उन्हें मौके पर ही पकड़ लिया। इस कार्रवाई से पूरे विभाग में हड़कंप मच गया है। कार्यालय परिसर में कर्मचारियों और आम लोगों के बीच मामले को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
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आम नागरिकों में नाराजगी
एसीबी अधिकारियों ने आरोपी अभियंता के खिलाफ मामला दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि इस भ्रष्टाचार में कोई अन्य अधिकारी या व्यक्ति शामिल था या नहीं। इस घटना के बाद एक बार फिर में बढ़ते भ्रष्टाचार को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं, जिससे आम नागरिकों में नाराजगी देखी जा रही है।



