Satya Report: बारातियों और स्थानीय युवकों के बीच डांस को लेकर कहासुनी हुई, जिसके बाद मारपीट होने लगी। सूचना पर गश्ती पुलिस मौके पर पहुंची और मामले को शांत कराया। लेकिन, पुलिस के लौटने के बाद दोनों पक्षों फिर भिड़ गए। मारपीट से बचने के लिए कुछ लोग एक घर में घुस गए।

पटना में एक शादी समारोह में खूनी खेल खेला गया। दरअसल बुद्धा कॉलोनी के दुजरा में मंगलवार की सुबह शादी समारोह में डीजे पर डांस को लेकर दो गुटों में जमकर मारपीट हुई। इसमें एक युवक विकास कुमार (17 वर्ष) की चाकू से गोदकर हत्या कर दी गई जबकि उसके भाई नन्हकी कुमार को बुरी तरह से पीटकर घायल कर दिया गया। तड़के तीन बजे हुई इस घटना के बाद आरोपित फरार हो गए। पुलिस ने मौके से चाकू और दो बाइक बरामद की है।
दुजरा में ललित महतो के घर पटना सिटी के जमुनापुर से बारात आई थी। देर रात तक डीजे पर नाच-गाना चल रहा था। इसी दौरान बारातियों और स्थानीय युवकों के बीच डांस को लेकर कहासुनी हुई, जिसके बाद मारपीट होने लगी। सूचना पर गश्ती पुलिस मौके पर पहुंची और मामले को शांत कराया। लेकिन, पुलिस के लौटने के बाद दोनों पक्षों फिर भिड़ गए। मारपीट से बचने के लिए कुछ लोग एक घर में घुस गए।
पीड़ित परिवार का आरोप है कि हमलावरों ने घर में घुसकर तोड़फोड भी की। विकास कुमार दुजरा देवी स्थान गली निवासी कल्लू महतो का पुत्र था। विकास नौ भाइयों और दो बहनों में सातवें नंबर पर था। परिवार के अनुसार, पहले भी एक भाई की मौत हो चुकी है।
मृतक की बहन ने बताया कि करीब 15 हमलावर आए थे। डीजे पर डांस को लेकर बाराती और स्थानीय लोगों में विवाद हुआ था। बाराती में कुछ शरारती तत्व भी आए थे जो नशे में थे। पहले भाई नन्हकी की पिटाई किए उसके बाद विकास पर हमला बोल दिया। विकास की हत्या करने के बाद वे भाग निकले लेकिन उनकी दो बाइकें यहीं पर छूट गई। पुलिस सुबह 4.30 बजे पहुंची थी तब तक हमलावर भाग चुके थे।
आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी हुई
बुद्धा कॉलोनी थाना के थानाध्यक्ष पल्लव ने बताया कि आरोपितों की पहचान कर ली गई है और उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है। घटना का कारण स्पष्ट नहीं हो पाया है। हालांकि डांस को लेकर विवाद होने की बात सामने आई है। सभी हमलावर मालसलामी का रहने वाला है। शव को पोस्टमार्टम के बाद मंगलवार की दोपहर परिजनों को सौंप दिया गया। इसके बाद विकास का अंतिम संस्कार हुआ। घटना के बाद इलाके में आक्रोश है। .



