
दरभंगा, बिहार: ट्रेनों में सफर करने वाले यात्रियों के सामान की चोरी करने वाले कथित गिरोह के खिलाफ रेलवे पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। दरभंगा में आरपीएफ, जीआरपी और सीआईबी की संयुक्त टीम ने ‘ऑपरेशन यात्री सुरक्षा’ के तहत हावड़ा-रक्सौल एक्सप्रेस से पांच संदिग्धों को गिरफ्तार किया है। सभी हरियाणा के रहने वाले बताए जा रहे हैं। पुलिस के अनुसार, इस गिरोह का नेटवर्क देश के कई राज्यों में फैला हो सकता है और इसमें 300 से अधिक सदस्य शामिल होने का दावा किया जा रहा है।
संयुक्त टीम ने आरोपियों के पास से 51 हजार 200 रुपये नकद, मोबाइल फोन, आभूषण सहित करीब 2 लाख 25 हजार रुपये का सामान बरामद किया है। फिलहाल पुलिस बरामद सामान के स्रोत और आरोपियों की कथित गतिविधियों की जांच कर रही है।
मदद के बहाने यात्रियों को बनाते थे निशाना
पुलिस के मुताबिक, गिरोह के सदस्य ट्रेन में यात्रियों से मेलजोल बढ़ाते थे और जरूरत पड़ने पर मदद करने का भरोसा दिलाते थे। इसी दौरान वे यात्रियों का ध्यान भटकाकर उनके बैग से नकदी और कीमती सामान निकाल लेते थे। कुछ मामलों में चोरी की अन्य घटनाओं की भी जांच की जा रही है।
हावड़ा-रक्सौल एक्सप्रेस में हुई कार्रवाई
‘ऑपरेशन यात्री सुरक्षा’ के तहत आरपीएफ, जीआरपी और क्राइम इंटेलिजेंस ब्रांच (CIB) की टीम ने संयुक्त कार्रवाई की। इसी दौरान हावड़ा-रक्सौल एक्सप्रेस से पांच संदिग्धों को पकड़ा गया। तलाशी के दौरान उनके पास से नकदी, मोबाइल फोन और आभूषण समेत करीब 2.25 लाख रुपये मूल्य का सामान बरामद किया गया।
गिरफ्तार पांचों लोगों की पहचान और उनके आपराधिक रिकॉर्ड की जांच की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि बरामद सामान किन यात्रियों या घटनाओं से जुड़ा है।
300 से ज्यादा सदस्यों के नेटवर्क की जांच
जांच के दौरान इस कथित गिरोह में 300 से अधिक लोगों के शामिल होने की बात सामने आने का दावा किया गया है। हालांकि, इस संख्या की आधिकारिक पुष्टि और नेटवर्क में शामिल सभी लोगों की पहचान होना अभी बाकी है।
रेलवे पुलिस अब गिरफ्तार संदिग्धों से पूछताछ कर यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि गिरोह किन राज्यों में सक्रिय है, चोरी का सामान कहां खपाया जाता था और इसके पीछे कौन लोग काम कर रहे हैं।
फिलहाल पांच संदिग्धों की गिरफ्तारी के बाद जांच का दायरा बढ़ा दिया गया है। पुलिस की आगे की कार्रवाई से इस कथित नेटवर्क के अन्य सदस्यों और यात्रियों के सामान चोरी करने के तरीकों से जुड़े और तथ्य सामने आ सकते हैं।
— Satya Report



