Lucknow News: योगी सरकार ने प्रशासनिक व्यवस्था में बड़ा बदलाव करते हुए 13 वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों का तबादला कर दिया है. शासन की ओर से जारी आदेश के मुताबिक, कई अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं, जबकि कुछ अधिकारियों को अतिरिक्त प्रभार भी दिया गया है. IAS अनिल ढींगरा को गोरखपुर मंडलायुक्त के पद से हटाकर उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास परिषद का आवास आयुक्त, नगर भूमि सीमारोपण के निदेशक और आवास एवं शहरी नियोजन विभाग का सचिव बनाया गया है. वहीं इन्द्र विक्रम सिंह को कृषि विभाग से स्थानांतरित कर गोरखपुर का नया मंडलायुक्त नियुक्त किया गया है.

IAS रविन्द्र को उनके वर्तमान पद के साथ राज्य कृषि उत्पादन मंडी परिषद के निदेशक का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है. वहीं वैभव श्रीवास्तव को पीसीएफ के प्रबंध निदेशक पद से हटाकर बस्ती मंडल का मंडलायुक्त बनाया गया है. वहीं प्रकाश बिन्दु को गृह एवं सतर्कता विभाग से स्थानांतरित कर पीसीएफ का नया प्रबंध निदेशक नियुक्त किया गया है.
डॉ. लोकेश एम. प्रयागराज मंडल के नए कमिश्नर बने
सरकार ने भूपेन्द्र एस. चौधरी को बरेली मंडलायुक्त पद से हटाकर प्रशासनिक सुधार विभाग का सचिव बनाया है. शम्भू कुमार को पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के प्रबंध निदेशक पद से बरेली का मंडलायुक्त बनाया गया है. इसके अलावा डॉ. लोकेश एम. को लोक निर्माण विभाग के सचिव पद से प्रयागराज मंडलायुक्त नियुक्त किया गया है.
वहीं सौम्या अग्रवाल, जो अब तक प्रयागराज की मंडलायुक्त थीं, उन्हें उत्तर प्रदेश का नया श्रमायुक्त बनाया गया है. वहीं संदीप कुमार को राजस्व परिषद के सदस्य पद से स्थानांतरित कर पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड का प्रबंध निदेशक नियुक्त किया गया है.
डॉ. बलकार सिंह यूपीसीडा के नए सीईओ होंगे
इसके अलावा पुष्प राज सिंह को गोरखपुर विकास प्राधिकरण के सचिव पद से हटाकर नोएडा का अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी बनाया गया है. सतीश पाल को नोएडा एसीईओ पद से गृह विभाग में विशेष सचिव नियुक्त किया गया है. वहीं डॉ. बलकार सिंह को आवास एवं विकास परिषद से हटाकर उत्तर प्रदेश राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण का मुख्य कार्यपालक अधिकारी बनाया गया है.
प्रदेश सरकार का यह प्रशासनिक फेरबदल आगामी विकास योजनाओं को गति देने, विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने और शासनप्रशासन की कार्यक्षमता बढ़ाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है. नई जिम्मेदारियां संभालने वाले अधिकारियों से सरकार को बेहतर प्रशासन और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की उम्मीद है.



