देश के सबसे पुराने स्टॉक एक्सचेंज, बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज ने गुरुवार को वित्तीय वर्ष 2026 की मार्च तिमाही के शानदार नतीजे पेश किए हैं. इन नतीजों ने बाजार के जानकारों और शेयरधारकों, दोनों को चौंका दिया है. कंपनी ने न सिर्फ अपने मुनाफे में भारी बढ़ोतरी दर्ज की है, बल्कि अपने निवेशकों के लिए एक बड़े डिविडेंड का भी ऐलान किया है.

चौथी तिमाही में BSE का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट 61 फीसदी की जोरदार छलांग लगाते हुए 797 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया है. अगर हम पिछले वित्तीय वर्ष की इसी तिमाही से इसकी तुलना करें, तो उस वक्त यह आंकड़ा महज 494 करोड़ रुपये था.
वहीं अगर पिछली तिमाही के प्रदर्शन को देखें, तो वहां भी विकास की तस्वीर साफ नजर आती है. अक्टूबरदिसंबर तिमाही में कंपनी का शुद्ध मुनाफा 602 करोड़ रुपये रहा था. इस लिहाज से तिमाहीदरतिमाही आधार पर भी मुनाफे में 32 फीसदी की मजबूत ग्रोथ दर्ज की गई है.
कमाई के टूटे रिकॉर्ड, रेवेन्यू में बंपर इजाफा
मुनाफे के साथसाथ एक्सचेंज के कुल राजस्व ने भी एक नया मुकाम हासिल किया है. मार्च तिमाही में BSE का रेवेन्यू 85 फीसदी बढ़कर 1,564 करोड़ रुपये हो गया है. एक साल पहले की समान अवधि में यह आंकड़ा 847 करोड़ रुपये था. वहीं, पिछली तिमाही के 1,244 करोड़ रुपये के मुकाबले इसमें 26 फीसदी की बढ़ोतरी देखी गई है.
आय में इस बेतहाशा वृद्धि का सबसे बड़ा कारण ट्रांजैक्शन चार्ज से होने वाली कमाई है. कंपनी ने इस मद से 1,311 करोड़ रुपये कमाए हैं, जो पिछले साल की इसी अवधि के 953 करोड़ रुपये के मुकाबले 114 फीसदी अधिक है. पिछली तिमाही की तुलना में भी इस आय में 38 फीसदी का इजाफा हुआ है. साफ है कि शेयर बाजार में ट्रेडिंग की बढ़ती गतिविधि का सीधा आर्थिक लाभ एक्सचेंज को मिल रहा है.
खाते में कब आएगा डिविडेंड का पैसा?
बेहतरीन तिमाही नतीजों का असली जश्न तब होता है, जब उसका सीधा फायदा निवेशकों की जेब तक पहुंचे. BSE के निदेशक मंडल ने अपने शेयरधारकों को निराश नहीं किया है और 10 रुपये प्रति इक्विटी शेयर के फाइनल डिविडेंड की घोषणा की है.
शेयरधारकों के लिए यह जानना बेहद जरूरी है कि इस डिविडेंड के लिए रिकॉर्ड डेट शुक्रवार, 10 जुलाई, 2026 तय की गई है. इसका सीधा मतलब यह है कि इस निर्धारित तारीख तक जिन निवेशकों के डीमैट खाते में BSE के शेयर मौजूद होंगे, केवल वे ही इस लाभांश के हकदार माने जाएंगे. प्रबंधन ने यह भी स्पष्ट कर दिया है कि 17 सितंबर या उससे पहले यह रकम पात्र निवेशकों के बैंक खातों में जमा कर दी जाएगी.



