CM Yogi Orders Compensation For Rain Affected Families: उत्तर प्रदेश में लगातार हो रही बारिश ने कई जिलों में मुश्किलें बढ़ा दी हैं। भारी बारिश, आकाशीय बिजली और जलभराव के कारण कई लोगों की मौत हुई है, जबकि पशुधन और संपत्ति को भी नुकसान पहुंचा है। हालात को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को तुरंत प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचकर राहत कार्य तेज करने के निर्देश दिए हैं।

CM योगी ने अधिकारियों को फील्ड में उतरने के दिए निर्देश
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अतिवृष्टि और आकाशीय बिजली से हुई जनहानि, पशुहानि और आर्थिक नुकसान का संज्ञान लिया है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे खुद मौके पर जाकर प्रभावित परिवारों से संवाद करें और उन्हें हर संभव मदद उपलब्ध कराएं।
सीएम योगी ने कहा कि बारिश से प्रभावित लोगों को किसी भी तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने नुकसान का आकलन कर 24 घंटे के भीतर पात्र लोगों को मुआवजा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। साथ ही घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना भी की है।
बारिश से कई जिलों में मौतें, संत कबीर नगर में दो महिलाओं की गई जान
राज्य में बारिश से जुड़ी अलगअलग घटनाओं में कम से कम 8 लोगों की मौत हो चुकी है। अधिकारियों के अनुसार संत कबीर नगर, कुशीनगर, बुलंदशहर, शामली और गाजियाबाद में बारिश से संबंधित हादसे सामने आए हैं।
संत कबीर नगर में आकाशीय बिजली गिरने से दो महिलाओं की मौत हुई। अधिकारियों के मुताबिक मेहदावल तहसील के कात्या गांव की 17 वर्षीय चांदनी और प्रतापपुर गांव की 60 वर्षीय वर्षाना की खेत में काम करने के दौरान बिजली गिरने से जान चली गई। प्रशासन ने बताया कि पीड़ित परिवारों को सरकारी सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
कुशीनगर में बिजली गिरने से किशोर की मौत
कुशीनगर के विशनपुरा थाना क्षेत्र के थडीभर गांव में भी आकाशीय बिजली गिरने से एक किशोर की मौत हो गई। पुलिस के अनुसार 14 वर्षीय राहुल कुमार खेत की मेड़ पर खड़ा था, तभी बिजली गिरने से उसकी जान चली गई।
परिवार ने पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया। प्रशासन की ओर से नियमानुसार सहायता देने की बात कही गई है।
बुलंदशहर में दीवार गिरने से तीन लोगों की मौत
भारी बारिश का असर बुलंदशहर में भी देखने को मिला। खुर्जा के मूंडाखेड़ा गांव में दीवार गिरने से तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य लोग घायल हुए हैं।
अधिकारियों के अनुसार हादसा शाम करीब 5 बजे हुआ। खाली प्लॉट के किनारे बने अस्थायी तंबुओं में रह रहे छह लोग मलबे में दब गए थे। घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है।
शामली और गाजियाबाद में भी हादसे
शामली जिले के थानाभवन कस्बे में बारिश के दौरान टिन शेड की दीवार गिरने से 49 वर्षीय शाहिद की मौत हो गई। हादसे में उनके दो बेटे अमन और नौमान गंभीर रूप से घायल हो गए।
वहीं गाजियाबाद के विजय नगर थाना क्षेत्र की सर्वोदय कॉलोनी में तीन वर्षीय बच्ची पल्लवी की पानी से भरे नाले में गिरने से मौत हो गई। प्रशासन ने पीड़ित परिवार को नियमों के अनुसार सहायता और मुआवजा देने की बात कही है।
11 जुलाई तक पूरे प्रदेश में बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने 11 जुलाई तक उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में भारी बारिश की संभावना जताई है। विभाग के अनुसार अगले दो से तीन दिनों में तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट आ सकती है।
मुजफ्फरनगर, बिजनौर, अमरोहा, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, पीलीभीत, संभल और बदायूं जैसे जिलों में बहुत भारी से अत्यधिक भारी बारिश का अनुमान जताया गया है।
गाजियाबाद में जलभराव, सड़क धंसने से बढ़ी परेशानी
भारी बारिश के कारण में जनजीवन प्रभावित हुआ है। कई इलाकों में जलभराव, ट्रैफिक जाम और सड़क धंसने जैसी समस्याएं सामने आई हैं।
वसुंधरा सेक्टर13 में निर्माणाधीन बेसमेंट के पास सड़क का एक हिस्सा धंस गया, जिससे वहां खड़ी कार और स्कूटर गड्ढे में गिर गए। इसके अलावा बिजली का खंभा भी क्षतिग्रस्त हुआ।
नोएडा और प्रयागराज में भी पानीपानी हुए इलाके
के कई क्षेत्रों में बारिश के बाद घुटनों तक पानी भर गया। जलभराव के कारण कई वाहन खराब हुए और लोगों को लंबे जाम का सामना करना पड़ा। सेक्टर33 स्थित परिवहन विभाग का कार्यालय भी पानी से प्रभावित हुआ।
प्रयागराज में सिविल लाइंस पुलिस स्टेशन और महिला थाने में भी जलभराव की स्थिति देखने को मिली। वहीं मुजफ्फरनगर के भोपा थाना क्षेत्र में भारी बारिश के कारण एक कच्चा मकान गिर गया, जिससे 20 बकरियों की मौत हो गई।
बारिश से राहत और परेशानी दोनों की स्थिति बनी हुई है। प्रशासन लगातार प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव कार्यों में जुटा है।



