बिहार के पूर्णिया से निर्दलीय सांसद राजेश रंजन उर्फ उर्फ पप्पू यादव पिछले कुछ समय से लगातार सुर्खियों में बने हुए हैं. राम मंदिर में हुई चोरी के मुद्दे को लेकर कुछ दिन पहले उन्होंने संसद परिसर के बाहर एक नुक्कड़ नाटक किया था, जिसमें वो भगवा कपड़े पहने साधु की वेशभूषा में नजर आए थे. हिंदू संगठनों और साधु संतों ने इसको लेकर कड़ी आपत्ति जताई थी. वहीं बीजेपी नेता सुशील कुमार मिश्रा ने सांसद के खिलाफ प्रयागराज में मुकदमा दर्ज कराया था. अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट न्यायालय ने सांसद को आज तलब किया है.

जानकारी के मुताबिक हिस्ट्रीशीटर सांसद पप्पू यादव के खिलाफ बीएनएस की गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया है. अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कक्ष संख्या 10 योगेश जैन ने आपराधिक मुकदमा पंजीकृत करने का आदेश दिया था. उनके खिलाफ BNS की धारा 318 /338/196/298/299/356 के तहत आपराधिक मुकदमा दर्ज हुआ है. ACJM कोर्ट ने उन्हें आज पेश होने का आदेश दिया है.
बीजेपी नेता का क्या है आरोप
शिकायतकर्ता बजेपी नेता और अधिवक्ता सुशील कुमार मिश्रा ने आरोप लगाया है कि अयोध्या के भगवान श्रीराम के मंदिर से कुछ अधम एवं नीच प्रवृत्त के लोगों ने भगवान के चढ़ावे से दान की धनराशि को चोरी करने का घृणित एवं अक्षम अपराध किया, जिनके विरुद्ध मुकदमा पंजीकृत हुआ और वे जेल की सलाखों में बंद है उस घटना को कूटरचित एवं जालसाजी तरीके से परिवर्तित करते हुए दर्शाया गया.
‘हिन्दू धर्म को नीचा दिखाया’
उनका कहना है कि सांसद पप्पू यादव के खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास रंगदारी जबरन वसूली धोखाधड़ी समेत गंभीर अपराधों के 41 मुकदमे दर्ज हैं. उन्होंने कहा कि पूर्णिया का सांसद ने देश के लोकतंत्र के मंदिर संसद भवन के सामने हिन्दू एवं हिन्दू धर्म को नीचा दिखाने और अपमानित करने, हिन्दुओं की मर्यादा एवं अस्मिता को ठेस पहुंचाने के लिए यह किया.
उन्होंने कहा कि मंदिर के दान पात्रों में चढ़ाए जाने वाले नकली दानपात्र रखकर चंदा चोरी करने एवं संत महात्माओं और पुजारीयों को चोर एवं डाकू बनाने का कूटरचित अभिनय करने का अपराध किया गया है.जो कि गंभीर दंडनीय अपराध है.ऐसे में उक्त हिस्ट्रीशीटर सांसद के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत कर प्रस्तुत साक्ष्यों के आधार पर तलब कर दंडित किया जाना जरूरी है.



