
उत्तर प्रदेश से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहां एक कारोबारी ने पुलिस को लूट और अपहरण की कहानी सुनाई। शुरुआत में मामला गंभीर मानते हुए पुलिस ने जांच शुरू की, लेकिन सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों की पड़ताल के बाद पूरी कहानी बदल गई।
पुलिस के अनुसार, कारोबारी ने शिकायत की थी कि कुछ लोगों ने उसका अपहरण कर उससे नकदी, मोबाइल फोन और सोने की अंगूठी छीन ली। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने कई टीमें गठित कर जांच शुरू की और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले।
जांच के दौरान पुलिस को ऐसे तथ्य मिले, जिनसे शिकायत में कई विरोधाभास सामने आए। अधिकारियों के मुताबिक, कारोबारी की कुछ लोगों से एक मोबाइल ऐप के जरिए जान-पहचान हुई थी। बाद में वह उन्हीं लोगों से मिलने गया था। इसी दौरान किसी बात को लेकर उनके बीच विवाद हो गया।
समलैंगिक रिलेशनशिप था
जब पुलिस ने शहर के सीसीटीवी फुटेज खंगाले तो कहानी पूरी तरह बदल गई. पुलिस की जांच में पता चला कि व्यापारी के द्वारा बताया गया लूट और अपहरण का मामला फर्जी है. पुलिस ने बताया कि व्यापारी सतीश अग्रवाल का एक एप्लीकेशन के जरिए कई लोगो से जान पहचान हुई थी. उनके साथ उसका समलैंगिक रिलेशनशिप था. सतीश उन्हीं लोगों के साथ व्यापारी खुद हाथरस गया था. यह पूरा मामला सीसीटीवी कैमरे में भी कैद हुआ था. वहां किसी बात को लेकर उनका आपस में विवाद हो गया. विवाद बढ़ने पर युवकों ने व्यापारी से 1.20 लाख रुपये अपने खातों में ट्रांसफर करवा लिए और उसका मोबाइल व अंगूठी भी ले ली. ऐसे में व्यापारी ने पुलिस से बचने के लिए लूट और अपहरण का झूठा नाटक रच दिया.



