Satya Report: गुजरात की बनासकांठा पुलिस ने एक ऐसे अंतर्राज्यीय गिरोह का भंडाफोड़ किया है जो नवजात शिशुओं को अगवा कर लाखों रुपये में बेचता था। इस गिरोह का जाल गुजरात, महाराष्ट्र, तेलंगाना और दिल्ली तक फैला हुआ था। पुलिस ने तेलंगाना के गैंग के सरगना ‘मुरुगन’ सहित कई सदस्यों को गिरफ्तार किया है।

गुजरात के बनासकांठा जिले से इस महीने की शुरुआत में 4 वर्षीय बच्चे के अपहरण की जांच कर रही पुलिस ने एक अंतरराज्यीय बच्चा तस्करी गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने इस गिरोह के सरगना को तेलंगाना से गिरफ्तार किया है। अधिकारियों ने बताया ‘मुरुगन गैंग’ के नाम से कुख्यात यह गिरोह कथित तौर पर गुजरात, दिल्ली, तेलंगाना और महाराष्ट्र से नवजात शिशुओं की तस्करी करने और उन्हें ऊंचे दामों पर बेचने में शामिल था। अब तक की जांच में पुलिस ने कम से कम पांच बच्चों के अपहरण और उन्हें बेचे जाने की पुष्टि की है।
बोदाशु नागराजू उर्फ मुरुगन है रैकेट का सरगना
बनासकांठा के एसपी प्रशांत सुम्बे ने कहा कि पुलिस ने तकनीकी विश्लेषण के जरिये मुख्य आरोपी की पहचान बोदाशु नागराजू उर्फ मुरुगन के रूप में की और उसे उसके दो साथियों कसरापु तिरुपति और केलेती गंगाराजन के साथ गिरफ्तार कर लिया। ये सभी तेलंगाना के निवासी हैं।
ऐसे बच्चा तस्करी एजेंटों के संपर्क में आया मुरुगन
अधिकारियों के अनुसार, मुख्य आरोपी मुरुगन शुरू में कृत्रिम गर्भाधान (आईवीएफ) केंद्रों के लिए ‘ऐग डोनर’ के रूप में महिलाओं की व्यवस्था करने का काम करता था। वह ऐसी महिलाओं की पहचान करता था जो प्राकृतिक रूप से गर्भधारण करने में असमर्थ थीं और उन्हें उन स्वस्थ महिलाओं से मिलवाता था, जो आर्थिक लाभ के बदले अपने ऐग देने या ‘सरोगेसी’ (किराये की कोख) के लिए तैयार होती थीं। इस दलाली के काम के बदले उसे प्रति महिला 5,000 से 6,000 रुपये का कमीशन मिलता था। हालांकि, नवजात शिशुओं को बेचने से होने वाले अधिक मुनाफे के लालच में वह बाद में अंतरराज्यीय बच्चा तस्करी एजेंटों के संपर्क में आ गया। .
मोटी रकम पर बेचते थे बच्चे
बनासकांठा पुलिस द्वारा जारी एक प्रेस रिलीज के अनुसार, यह गैंग जन्म के 24 से 48 घंटों के भीतर ही नवजात शिशुओं को हासिल कर लेता था और उन्हें मोटी रकम में बेच देता था। आरोपियों ने कथित तौर पर गुजरात, महाराष्ट्र और दिल्ली से शिशुओं का अपहरण किया और उन्हें स्थानीय बिचौलियों के माध्यम से बेचा। तीनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पालनपुर में पूछताछ की गई। पूछताछ के दौरान पुलिस को पता चला कि गिरोह ने गुजरात और महाराष्ट्र से दो-दो, तेलंगाना से तीन और दिल्ली से एक बच्चा बेचा है। अधिकारियों ने बताया कि मामले की जांच जारी है और तस्करी किए गए बच्चों को सुरक्षित छुड़ाने के प्रयास किए जा रहे हैं



