
हरदोई। बेटी के जन्म के बाद एक महिला को कथित तौर पर प्रताड़ित कर घर से ही नहीं बल्कि गांव से बाहर निकालने का मामला सामने आया है। पुलिस से सुनवाई नहीं होने के बाद पीड़िता ने कोर्ट की शरण ली, जिसके आदेश पर फर्रुखाबाद और कासगंज के पांच ससुरालियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
मामला हरपालपुर थाना क्षेत्र के मलौथा गांव निवासी उपासना से जुड़ा है। उपासना की शादी 13 जून 2020 को फर्रुखाबाद जिले के कमालगंज थाना क्षेत्र के गदनापुर निवासी रोहित से हुई थी। उपासना का आरोप है कि शादी के समय पर्याप्त दानदहेज देने के बावजूद ससुराल पक्ष के लोग बाइक और दो लाख रुपये नकद की मांग को लेकर उसे लगातार परेशान करते रहे।
बेटी के जन्म के बाद बढ़ गई प्रताड़ना
उपासना ने बताया कि उसके दो बेटे हुए थे, लेकिन दोनों की मौत हो गई। इसके बाद उसकी 9 माह की बेटी हुई। आरोप है कि बेटी के जन्म के बाद पति और ससुरालियों का व्यवहार और ज्यादा बदल गया। वह बेटी को पसंद नहीं करते थे और इसी वजह से उसके साथ मारपीट और मानसिक उत्पीड़न किया जाने लगा। पीड़िता के अनुसार, 27 जून की शाम ससुराल वालों ने उसके साथ मारपीट की और उसे उसकी दुधमुंही बेटी के साथ घर से निकाल दिया। आरोप है कि उसे गांव से बाहर तक छोड़ दिया गया। इस दौरान विरोध करने वाले वीरपाल और जोगेंद्र को भी ससुरालियों ने धमकी दी।
कोर्ट के आदेश पर दर्ज हुआ मुकदमा
उपासना ने घटना की शिकायत पुलिस से की, लेकिन कार्रवाई नहीं होने का आरोप लगाया। इसके बाद उसने अधिकारियों से भी गुहार लगाई, लेकिन राहत नहीं मिली। आखिरकार उसने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। कोर्ट के आदेश के बाद पुलिस ने पति रोहित, सास रजनी, ससुर राजेश, देवर मोहित और कासगंज जिले के भरौली गांव निवासी ननद दीपाली के खिलाफ दहेज प्रतिषेध अधिनियम, मारपीट, आपराधिक धमकी समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।



