
प्रोटीन शरीर के लिए बेहद जरूरी पोषक तत्व है। यह मांसपेशियों के निर्माण और मरम्मत से लेकर शरीर की कोशिकाओं, त्वचा, बाल, हड्डियों और प्रतिरक्षा प्रणाली के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। लेकिन हर उम्र में शरीर को प्रोटीन की जरूरत एक जैसी नहीं होती।
बच्चों के शरीर में तेजी से विकास होता है, जबकि उम्र बढ़ने पर मांसपेशियों को मजबूत बनाए रखने के लिए पर्याप्त प्रोटीन और शारीरिक गतिविधि जरूरी हो जाती है। इसके अलावा शरीर का वजन, एक्सरसाइज और स्वास्थ्य की स्थिति भी रोजाना प्रोटीन की जरूरत को प्रभावित करती है।
छोटे बच्चों को कितना प्रोटीन चाहिए?
बच्चों के विकास के दौरान प्रोटीन की पर्याप्त मात्रा जरूरी होती है। सामान्य अनुमान के अनुसार:
- 1 से 3 साल: करीब 13 ग्राम प्रतिदिन
- 4 से 8 साल: करीब 19 ग्राम प्रतिदिन
- 9 से 13 साल: करीब 34 ग्राम प्रतिदिन
बच्चों की वास्तविक जरूरत उनके विकास, वजन और डाइट के अनुसार अलग हो सकती है।
किशोरों के लिए प्रोटीन की जरूरत
किशोरावस्था में शरीर में तेजी से बदलाव और विकास होता है। इस दौरान प्रोटीन की आवश्यकता भी बढ़ जाती है।
14 से 18 साल की उम्र में लड़कों को करीब 52 ग्राम और लड़कियों को करीब 46 ग्राम प्रोटीन प्रतिदिन की जरूरत हो सकती है। जो किशोर नियमित रूप से खेलकूद, जिम या दूसरी शारीरिक गतिविधियों में शामिल होते हैं, उनकी जरूरत इससे अधिक हो सकती है।
वयस्कों के लिए कितना प्रोटीन?
स्वस्थ वयस्कों के लिए सामान्य तौर पर 0.8 ग्राम प्रोटीन प्रति किलोग्राम शरीर के वजन का आधार इस्तेमाल किया जाता है।
उदाहरण के लिए अगर किसी व्यक्ति का वजन 60 किलो है, तो सामान्य स्थिति में उसे करीब 48 ग्राम प्रोटीन प्रतिदिन की जरूरत हो सकती है।
हालांकि, जिम करने वाले, स्ट्रेंथ ट्रेनिंग करने वाले या ज्यादा शारीरिक मेहनत करने वाले लोगों की जरूरत इससे अधिक हो सकती है।
बुजुर्गों के लिए प्रोटीन क्यों जरूरी?
उम्र बढ़ने के साथ शरीर में मांसपेशियों का कम होना यानी सार्कोपीनिया का खतरा बढ़ सकता है। ऐसे में पर्याप्त प्रोटीन के साथ नियमित वॉक, स्ट्रेंथ एक्सरसाइज या डॉक्टर की सलाह के अनुसार शारीरिक गतिविधि मांसपेशियों की ताकत बनाए रखने में मदद कर सकती है।
बुजुर्गों को अपनी डाइट में दाल, दूध-दही, पनीर, अंडे, सोया और अन्य प्रोटीन युक्त खाद्य पदार्थ शामिल करने पर ध्यान देना चाहिए।
प्रोटीन के लिए सिर्फ अंडा और मांस ही जरूरी नहीं
प्रोटीन के कई अच्छे स्रोत शाकाहारी भोजन में भी मौजूद हैं। दाल, चना, राजमा, सोया, पनीर, दूध, दही, नट्स और बीजों से प्रोटीन प्राप्त किया जा सकता है। वहीं अंडा, मछली और मांस भी प्रोटीन के अच्छे स्रोत हैं।
इसलिए अपनी पसंद और डाइट के अनुसार अलग-अलग स्रोतों को भोजन में शामिल किया जा सकता है।
सिर्फ उम्र देखकर प्रोटीन तय करना सही नहीं
प्रोटीन की जरूरत व्यक्ति-विशेष के अनुसार बदलती है। उम्र के साथ-साथ वजन, शारीरिक गतिविधि, लक्ष्य और स्वास्थ्य की स्थिति को भी ध्यान में रखना जरूरी है।
अगर किसी व्यक्ति को किडनी, लिवर या दूसरी गंभीर स्वास्थ्य समस्या है, तो प्रोटीन की मात्रा बढ़ाने से पहले डॉक्टर या डाइटिशियन से सलाह लेनी चाहिए। खासकर प्रोटीन सप्लीमेंट शुरू करने से पहले विशेषज्ञ की सलाह लेना बेहतर है।



