चंडीगढ़ पंजाब में मतदाता सूची को अधिक सटीक और अद्यतन बनाने के उद्देश्य से 25 जून से विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान शुरू किया जाएगा। एक माह तक चलने वाले इस अभियान के दौरान राज्यभर में 24,453 बूथ लेवल अधिकारी घरघर जाकर मतदाताओं का सत्यापन करेंगे। पुनरीक्षण प्रक्रिया 24 जुलाई तक चलेगी, जबकि अंतिम मतदाता सूची 1 अक्टूबर 2026 को प्रकाशित की जाएगी।

पंजाब की मुख्य चुनाव अधिकारी अनिंदिता मित्रा ने बुधवार को पंजाब भवन में आयोजित पत्रकार वार्ता में अभियान की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुरूप पूरी प्रक्रिया पारदर्शी एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराई जाएगी।
2.14 करोड़ मतदाताओं तक पहुंचेगा चुनावी अमला
मुख्य चुनाव अधिकारी के अनुसार राज्य के 24,453 बीएलओ घरघर जाकर गणना प्रपत्र वितरित करेंगे, उनका सत्यापन करेंगे तथा उन्हें वापस एकत्र करेंगे। इस दौरान पंजाब के करीब 2 करोड़ 14 लाख 61 हजार मतदाताओं के विवरण को अद्यतन किया जाएगा। इसके साथ ही मतदान केंद्रों के युक्तिकरण का कार्य भी 24 जुलाई तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
3 अगस्त को प्रकाशित होगी प्रारूप मतदाता सूची
पुनरीक्षण अभियान पूर्ण होने के बाद 3 अगस्त 2026 को प्रारूप मतदाता सूची जारी की जाएगी। इसके पश्चात मतदाता नाम जोड़ने, हटाने अथवा संशोधन से संबंधित दावे और आपत्तियां 2 सितंबर तक दर्ज करवा सकेंगे। प्राप्त दावों और आपत्तियों का निपटारा 28 सितंबर तक किया जाएगा तथा 1 अक्टूबर को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित होगी।
86 प्रतिशत से अधिक मतदाताओं की मैपिंग पूरी
चुनाव विभाग के अनुसार राज्य में अब तक 86.02 प्रतिशत मतदाताओं की मैपिंग पूरी हो चुकी है। जिन मतदाताओं का सत्यापन अथवा मैपिंग अभी शेष है, उनकी सूची सभी राजनीतिक दलों के साथ साझा की गई है। निर्वाचन आयोग ने सभी दलों से अभियान को सफल बनाने में सहयोग देने की अपील की है।
इस तरह होगी सत्यापन और मैपिंग प्रक्रिया
अधिकारियों ने बताया कि जिन मतदाताओं का सत्यापन स्वयं के आधार पर किया जाएगा, उनके लिए अलग श्रेणी निर्धारित की गई है। वहीं मातापिता अथवा दादादादी के रिकॉर्ड के आधार पर सत्यापन होने की स्थिति में अलग कॉलम रखा गया है। फॉर्म भरते समय मतदाता को यह घोषणा भी देनी होगी कि उसने भारत के अलावा किसी अन्य देश की नागरिकता ग्रहण नहीं की है तथा उसका नाम किसी अन्य निर्वाचन क्षेत्र की मतदाता सूची में दर्ज नहीं है। इसके बाद फॉर्म को स्कैन कर डिजिटल रूप से जमा किया जाएगा। यदि किसी घर पर संबंधित व्यक्ति नहीं मिलता या मकान बंद मिलता है तो बीएलओ वहां फॉर्म छोड़ेंगे और एक सूचना स्टीकर चिपकाएंगे। स्टीकर पर बीएलओ की यात्रा का उल्लेख होगा तथा दोबारा और तीसरी बार आने की संभावित तिथि भी दर्ज की जाएगी, ताकि मतदाता समय रहते अपना फॉर्म जमा कर सके।
सर्वदलीय बैठक में राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि शामिल
बैठक में अतिरिक्त मुख्य चुनाव अधिकारी अमनदीप गर्ग और संयुक्त मुख्य चुनाव अधिकारी नवनीत कौर बल्ल सहित विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। आम आदमी पार्टी की ओर से फैरी सॉफ्ट, कांग्रेस की ओर से हरदीप सिंह किंगरा एवं हैप्पी खेड़ा, भाजपा की ओर से परमपाल कौर, शिरोमणि अकाली दल की ओर से एडवोकेट अर्शदीप सिंह क्लेर एवं नछत्तर सिंह गिल तथा बहुजन समाज पार्टी की ओर से जसवंत राय और हरभजन सिंह ने भाग लिया। चुनाव आयोग का मानना है कि इस व्यापक अभियान से मतदाता सूची अधिक शुद्ध, सटीक और अद्यतन बनेगी, जिससे आगामी चुनावों में पात्र मतदाताओं को अपने मताधिकार का प्रभावी उपयोग करने में सुविधा मिलेगी।



