
नौकरी पाने के लिए उम्मीदवार महीनों तैयारी करते हैं और इंटरव्यू के लिए तय समय से पहले ही तैयार होकर बैठ जाते हैं। लेकिन सोचिए, अगर इंटरव्यू के तय समय से सिर्फ एक मिनट पहले ही कॉल आ जाए और फोन का स्पैम फिल्टर उस कॉल को पहचानने में कुछ सेकंड लगा दे, तो क्या आपकी नौकरी का मौका खत्म हो सकता है? सोशल मीडिया पर सामने आई एक ऐसी ही घटना ने लोगों को हैरान कर दिया है।
मामला एक उम्मीदवार के फोन इंटरव्यू से जुड़ा बताया जा रहा है। उम्मीदवार के अनुसार, उसका इंटरव्यू सुबह 11 बजे होना तय था। वह निर्धारित समय पर इंटरव्यू के लिए तैयार था, लेकिन हायरिंग मैनेजर ने उसे 11 बजे के बजाय 10 बजकर 59 मिनट पर ही कॉल कर दिया।
स्पैम फिल्टर की वजह से नहीं उठा कॉल
उम्मीदवार के फोन में स्पैम कॉल फिल्टर एक्टिव था। ऐसे में अचानक आई कॉल को पहचानने और फोन पर दिखने में कुछ सेकंड लग गए। जब तक उम्मीदवार ने कॉल रिसीव की, तब तक दूसरी तरफ से फोन काट दिया गया।
उम्मीदवार ने स्थिति को समझते ही तुरंत वापस कॉल करने की कोशिश की। हालांकि, उसकी कॉल सीधे वॉइसमेल पर चली गई और उसे हायरिंग मैनेजर से तत्काल संपर्क नहीं हो सका।
रिक्रूटर को भेजा मैसेज, फिर मिला चौंकाने वाला जवाब
उम्मीदवार ने इसके बाद रिक्रूटर को पूरी घटना की जानकारी दी। उसने बताया कि वह इंटरव्यू के लिए उपलब्ध था, लेकिन फोन के स्पैम फिल्टर की वजह से कॉल रिसीव करने में कुछ सेकंड की देरी हो गई। उम्मीदवार ने इंटरव्यू दोबारा तय करने का अनुरोध भी किया।
कुछ घंटे बाद कंपनी की तरफ से जो जवाब आया, उसने उम्मीदवार को हैरान कर दिया। बताया गया कि वह निर्धारित समय पर उपलब्ध नहीं था और इसी वजह से उसका आवेदन आगे की प्रक्रिया के लिए रद्द कर दिया गया।
सोशल मीडिया पर लोगों ने उठाए सवाल
इस घटना का दावा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Reddit पर शेयर किए गए एक पोस्ट के जरिए सामने आया। पोस्ट वायरल होने के बाद लोगों के बीच कंपनियों की हायरिंग प्रक्रिया और उम्मीदवारों के साथ अपनाए जाने वाले रवैये को लेकर बहस शुरू हो गई।
कई यूजर्स का कहना था कि अगर इंटरव्यू का समय 11 बजे तय था, तो 10:59 बजे की गई कॉल को उम्मीदवार की ओर से देरी मानना उचित नहीं माना जाना चाहिए। वहीं कुछ लोगों ने यह भी सवाल उठाया कि क्या इतनी छोटी तकनीकी समस्या के कारण किसी उम्मीदवार को पूरी तरह प्रक्रिया से बाहर कर देना सही तरीका है।
हालांकि, कुछ सोशल मीडिया यूजर्स ने यह संभावना भी जताई कि कंपनी के पास इंटरव्यू कैंसल करने की कोई दूसरी वजह हो सकती है और एक मिनट की देरी को आधार बनाया गया हो।
फिलहाल, यह मामला सोशल मीडिया पर वायरल पोस्ट और उस पर यूजर्स की प्रतिक्रियाओं पर आधारित है। कंपनी या संबंधित हायरिंग मैनेजर की ओर से इस घटना को लेकर कोई स्वतंत्र और विस्तृत पुष्टि सामने नहीं आई है।
यह घटना एक बार फिर दिखाती है कि ऑनलाइन इंटरव्यू और भर्ती प्रक्रिया में समय की छोटी-सी चूक और तकनीकी दिक्कत भी उम्मीदवार के लिए बड़ी परेशानी बन सकती है।
Disclaimer: यह खबर वायरल सोशल मीडिया पोस्ट और नेटिजन्स की प्रतिक्रियाओं पर आधारित है.



