CM Yogi on UP Economy Growth: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में एक न्यूज़ चैनल के विशेष कॉन्क्लेव ‘ऊंचाइयों पर यूपी’ को संबोधित करते हुए विपक्ष पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि जिनके लिए राष्ट्र सर्वोपरि नहीं है, वे देश की अस्मिता और आस्था पर लगातार प्रहार कर रहे हैं। राम मंदिर ट्रस्ट के अनुरोध पर एसआईटी पूरी निष्पक्षता से जांच कर रही है और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है, यहाँ तक कि नैतिक आधार पर इस्तीफे भी हुए हैं।

सीएम ने चेतावनी देते हुए कहा कि इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना की आड़ में जो लोग हिंदू धामों को निशाना बना रहे हैं, ये वही लोग हैं जो पहले गरीबों के हक पर डकैती डालते थे और हनुमानगढ़ी जैसे पवित्र स्थल पर नमाज पढ़वाने का कुत्सित प्रयास करते थे। उन्होंने जनता से ऐसी राष्ट्रविरोधी ताकतों से हमेशा सजग रहने की अपील की।
माफिया राज खत्म, अब बेटियां और व्यापारी सुरक्षित
साल 2017 से पहले की स्थिति को याद करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले यूपी में हर तीसरे दिन दंगा होता था और महीनों तक कर्फ्यू लगा रहता था। सूबे के 35 से ज्यादा जिले ऐसे थे जहाँ सुरक्षा के डर से लोग अपनी बेटियों को पढ़ाई के लिए राज्य से बाहर भेज देते थे या स्कूल छुड़वा देते थे। व्यापारी घर से निकलते थे तो उनके लौटने की गारंटी नहीं होती थी और किसान खेतों में जाने से डरते थे।
उन्होंने पुरानी सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि पहले दंगाइयों को मुख्यमंत्री आवास में बुलाकर सम्मानित किया जाता था और सरकारें माफियाओं के सामने नतमस्तक होकर नाक रगड़ती थीं। लेकिन पिछले 9 वर्षों में हमारी सरकार ने यूपी को पूरी तरह दंगा, कर्फ्यू और उपद्रवमुक्त बना दिया है। आज सूबे में हर बेटी और व्यापारी खुद को पूरी तरह सुरक्षित महसूस करता है।
यूपी को मिले 50 लाख करोड़ के निवेश प्रस्ताव
ने कहा कि अगर प्रदेश में सुरक्षा का माहौल नहीं होता, तो कोई भी निवेशक यहाँ नहीं आता। डबल इंजन की सरकार ने ठोस नीतियां बनाईं, जिसका नतीजा यह है कि आज यूपी को 50 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिल चुके हैं, जिनमें से 15 लाख करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट जमीन पर उतर चुके हैं।
पहले जो स्थानीय उद्योग दम तोड़ रहे थे, उन्हें ‘एक जिलाएक उत्पाद’ योजना के जरिए नई जिंदगी दी गई है। प्रदेश के 75 जिलों के 79 उत्पादों को जीआई टैग से जोड़ा गया है। वर्तमान में 96 लाख एमएसएमई इकाइयां कार्यरत हैं, जिनमें सवा तीन करोड़ युवाओं को रोजगार मिला है। आज यूपी 2 लाख करोड़ रुपये से अधिक के ओडीओपी उत्पादों का विदेशों में निर्यात कर रहा है।
बजट 9 लाख करोड़ पार, तीन गुना हुई अर्थव्यवस्था
मुख्यमंत्री ने कहा कि वास्तव में कभी ‘बीमारू’ राज्य नहीं था, बल्कि 2017 से पहले शासन करने वालों की मानसिकता बीमार थी, जिसने युवाओं के सामने पहचान का संकट खड़ा किया। आज उत्तर प्रदेश का बजट 3 लाख करोड़ से बढ़कर 9 लाख करोड़ रुपये के पार पहुंच चुका है। साल 201617 में यूपी की कुल जीएसडीपी 12 लाख करोड़ रुपये थी, जो आज तीन गुना बढ़कर 36 लाख करोड़ रुपये हो चुकी है।
इसी तरह प्रति व्यक्ति आय 43 हजार से बढ़कर 1.20 लाख रुपये से अधिक हो गई है। प्रदेश में महिलाओं की कार्यबल में भागीदारी 12% से बढ़कर 38% से ज्यादा हो गई है, जबकि बेरोजगारी की दर 19% से घटकर मात्र 3% से भी कम रह गई है।
एक्सप्रेसवे और इंफ्रास्ट्रक्चर का बना जाल
विकास की महागाथा लिखते हुए आज देश के कुल एक्सप्रेसवे में से 60 प्रतिशत हिस्सेदारी अकेले उत्तर प्रदेश की है। पूर्वांचल, बुंदेलखंड, गोरखपुर लिंक और देश का सबसे बड़ा गंगा एक्सप्रेसवे इसका उदाहरण हैं। इसके अलावा लखनऊकानपुर एक्सप्रेसवे भी शुरू हो चुका है।
आज यूपी के पास सबसे बड़ा रेलवे नेटवर्क, सबसे ज्यादा चालू मेट्रो और एयरपोर्ट्स हैं। वाराणसी शहर देश का पहला ऐसा शहर बनने जा रहा है जो इनलैंड वॉटरवे, रैपिड रेल और रोपवे जैसी आधुनिक सुविधाओं से एक साथ जुड़ रहा है।
किसान कल्याण और रिकॉर्ड गन्ना भुगतान
2014 से पहले जहां किसान आत्महत्या करने को मजबूर थे और 2007 से 2017 के बीच 29 चीनी मिलें औनेपौने दामों में बेच दी गईं, वहीं आज भाजपा सरकार ने 122 चीनी मिलों का सफल संचालन किया है। हमारी सरकार ने रिकॉर्ड 3.23 लाख करोड़ रुपये का गन्ना मूल्य सीधे किसानों के बैंक खातों में भेजा है। आज यूपी देश के अंदर गन्ना, चीनी और एथेनॉल के उत्पादन में नंबर वन राज्य बन चुका है।
इसके साथ ही, पिछले 9 वर्षों में 24 लाख हेक्टेयर भूमि को नई सिंचाई सुविधाएं दी गई हैं। दशकों से अटकी बाणसागर, अर्जुन सहायक और सरयू नहर राष्ट्रीय जैसी बड़ी सिंचाई परियोजनाओं को पूरा कर किसानों के खेतों तक पानी और 10 घंटे निर्बाध बिजली पहुंचाई जा रही है।
9 लाख युवाओं को सरकारी नौकरी और शानदार वेलफेयर
युवाओं को रोजगार देने के मामले में सरकार ने 9 लाख से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियां दी हैं, जिनमें से अकेले यूपी पुलिस में 2 लाख 25 हजार से अधिक भर्तियां हुई हैं। पुलिस में महिला कर्मियों की संख्या 10 हजार से बढ़ाकर 45 हजार कर दी गई है।
गरीब कल्याण की योजनाओं का जिक्र करते हुए सीएम ने बताया कि यूपी के 16 करोड़ गरीब परिवारों को मुफ्त राशन दिया जा रहा है। वहीं 1.6 करोड़ पात्र लोगों को वृद्धावस्था, दिव्यांगजन या निराश्रित महिला पेंशन के रूप में 12 हजार रुपये सालाना दिए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना से 25 लाख से अधिक बेटियां लाभान्वित हो रही हैं और मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत 6 लाख से अधिक गरीब बेटियों की शादियां कराई जा चुकी हैं, जिससे अब किसी भी गरीब पिता को बेटी की शादी के खर्च की चिंता नहीं सताती।



