
बीरू वाल्मीकि की हत्या के सात नामजद आरोपियों में शामिल योगेश कपूर ने वीरवार की रात खुद को पुलिस के हवाले कर दिया है। वह दुबई से मुंबई एयरपोर्ट पर आया। वहां एयरपोर्ट पुलिस के सामने सरेंडर कर दिया। इसकी जानकारी पर करनाल पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया है। उसकी मां सुषमा कपूर का कहना है कि बेटे ने एनकाउंटर के डर से सरेंडर किया है।
बीरू की हत्या के मामले में पुलिस ने दो युवक हर्ष और बीरबल को मुठभेड़ में ढेर किया था। इसके बाद दावा किया था कि इन दोनों ने ही पांच अगस्त को बीरू की गोली मारकर हत्या की थी। हालांकि, इस मुठभेड़ पर पिछले कुछ दिनों से काफी हंगामा हो रहा है। रोड़ और सैन समाज के लोग मुठभेड़ को फर्जी बता रहे हैं। | हर्ष रोड़ और बीरू सैन समाज से था। दूसरी ओर पुलिस अब तक सात नामजद आरोपियों में से किसी को भी गिरफ्तार नहीं कर पाई थी।
सोशल मीडिया पर आरोपी ने किया पोस्ट,बोला मेरा कोई हाथ नहीं
पुलिस द्वारा जब आरोपी योागेश कपूर को मुंबई से गिरफ़तार किया गया। जिसके बाद आज पुलिस उसे करनाल लेकर पहुंची। मेडिकल के बाद आरोपी को कोर्ट में पेशकर एक सप्ताह का रिमांड मांगा गया। करनाल पहुंचने पर योगेश ने मीडिया से बातचीत में बताया कि मेरा बीरू वाल्मीकि हत्याकांड में कोई हाथ नहीं है। नीलोखेड़ी में जो दो साल पहले वारदात हुई थी उसमें मेरा हाथ था। पोस्ट को लेकर उन्होंने कहा कि उनका फोन हैक हुआ था, मेरे फोन को हैक कर सोशल मीडिया पर किसी ने पोस्ट डाला है। बीरू की हत्या काला माजरा के शूटर ने करवाई थी और हथियार भी उसी ने आरोपियों को मुहिया करवाए थे।
योगेश कपूर ने अपनी शोशल मीडिया पोस्ट में लिखा था। वह दुबई से भारत लौट रहा था जब वह एयरपोर्ट पर पहुंचा तो मुंबाई पहुंचते ही उसे गिरफ्तार कर लिया गया। उसे डर है कि कहीं पुलिस उसका भी एनकाउंटर न करदे। वहीं पुलिस मी मांने तो आरोपी योगेश का लुक आउट सर्कुलर जारी किया था। जिसके चलते उसे दुबई पुलिस द्वारा भारत डिपोर्ट किया साथ ही उसने सरकार से अपील करते हुए कहा कि उसका फेक एनकाउंटर न कराया जाए और उस पर कोई झूठा केस न लगाया जाए। पोस्ट में उसने लोगों से इसे ज्यादा से ज्यादा शेयर करने की अपील भी की। हालांकि, इस वायरल पोस्ट की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। पोस्ट वास्तव में योगेश कपूर ने ही डाली है या नहीं, इसकी पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
जानकारी के मुताबिक नीलोखेड़ी में हुए एक गोलीकांड में तीन आरोपी बताए गए थे। पुलिस ने इनमें से दो आरोपियों को पकड़ लिया था, जबकि योगेश कपूर मौके से फरार हो गया था। बताया जा रहा है कि इसके बाद वह दुबई चला गया था। अब उसका दुबई का वीजा खत्म होने वाला था, जिसके चलते वह भारत लौटा और मुंबई एयरपोर्ट पर पकड़ा गया।
इस मामले में पहले योगेश के साथियों की तरफ से सोशल मीडिया पर पोस्ट डालकर गोलीकांड की जिम्मेदारी लेने का दावा भी सामने आया था। अब बीरू वाल्मीकि हत्याकांड में योगेश की गिरफ्तारी के बाद पुलिस उससे पूछताछ करेगी। इससे नीलोखेड़ी गोलीकांड और बीरू हत्याकांड के बीच किसी कड़ी की भी जांच हो सकती है।
परिवार का दावा- बेटा निर्दोष, खुद सरेंडर करने आया
13 अगस्त को योगेश कपूर का परिवार करनाल एसपी कार्यालय पहुंचा था। परिवार की ओर से कहा गया था कि योगेश का कोई कसूर नहीं है और वह पुलिस के सामने सरेंडर करने के लिए भारत आ रहा है। वहीं पुलिस सूत्रों के अनुसार परिवार को जवाब दिया गया कि अगर योगेश वास्तव में सरेंडर करने के लिए आ रहा था, तो दिल्ली या चंडीगढ़ एयरपोर्ट पर उतर सकता था।



