Om Prakash Rajbhar On Womens Reservation Bill: उत्तर प्रदेश के मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने भरोसा जताया कि ‘एक देश, एक चुनाव’, महिला आरक्षण और परिसीमन बिल पास हो जाएंगे। साथ ही, उन्होंने जौहर यूनिवर्सिटी, कांवड़ यात्रा की तैयारियों पर भी टिप्पणी की। मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत के दौरान कहा कि मानसून सत्र के दौरान ‘एक देश, एक चुनाव’ बिल, महिला आरक्षण बिल और परिसीमन बिल पास हो जाएंगे।

ओपी राजभर ने कहा कि जिन सांसदों ने महिला आरक्षण बिल का विरोध किया था, वे अपने चुनाव क्षेत्रों में खुलकर घूम नहीं पा रहे हैं। महिलाएं सांसदों से सवाल कर रही हैं, इसलिए धीरेधीरे ही सही तैयारी हो गई है। उन्होंने जौहर यूनिवर्सिटी पर बुलडोजर की कार्रवाई को लेकर कहा कि समाजवादी पार्टी ने आजम खान को फंसाकर जेल तो भेजवा ही दिया है।
आजम खान को लेकर राजभर ने क्या कहा?
सपा ने ऐसा काम किया है कि आजम खान उसी में उलझे रहेंगे। सरकारी जमीन पर बनी बिल्डिंग निश्चित तौर पर गिरेगी। कांवड़ यात्रा को लेकर उन्होंने कहा कि सरकार की पूरी तैयारी है। सरकार कहीं किसी प्रकार की कोई अप्रिय घटना न हो इसके लिए कटिबद्ध है। प्रदेश सरकार के मंत्री और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी प्रमुख ओम प्रकाश राजभर ने आरोप लगाया कि अखिलेश यादव के विदेश दौरों का मकसद फंड जुटाना और कालेधन को सफेद करना है। उन्होंने दावा किया कि समाजवादी पार्टी दोबारा सत्ता में नहीं आएगी।
ओपी राजभर का समाजवादी पार्टी को सलाह
ने कहा कि मेरी सपा प्रमुख को सलाह है कि वह अपने बचे पैसों को सुरक्षित रख लें क्योंकि उत्तर प्रदेश में उनकी सरकार नहीं बनेंगी। अखिलेश यादव जातियों में लड़ाई कराने का काम करते हैं। आजमगढ़ में वे बहुत हंगामा कर रहे थे। एक शादी के जुलूस के दौरान एक राजभर व्यक्ति की हत्या कर दी गई, यह सोचकर कि कोई आवाज नहीं उठाएगा। पुलिस ने कार्रवाई की, आरोपियों को पकड़ा और एनकाउंटर में गोली मार दी गई।
आखिलेश यादव ने यूपी सरकार पर बोला हमला
रामपुर स्थित जौहर विश्वविद्यालय पर बुलडोजर कार्रवाई को लेकर समाजवादी पार्टी प्रमुख ने भाजपा सरकार पर जमकर निशाना साधा है। अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि भाजपा को शिक्षा के क्षेत्र में भी साम्प्रदायिकता दिखाई देती है। सरकार का शिक्षा, शिक्षक, विद्यार्थियों और शिक्षा के बाद रोजगार से कोई सरोकार नहीं है। भाजपा के एजेंडे में शिक्षा, शिक्षक, शिक्षार्थी और शिक्षा के बाद मिलने वाली नौकरी शामिल ही नहीं है। पूर्व सीएम ने आरोप लगाया कि सरकार राजनीतिक दुर्भावना के तहत यह कार्रवाई कर रही है।



