गुरदासपुर.

गुरदासपुर पुलिस ने आज एस.एस.पी. कार्यालय गुरदासपुर में सेंट्रल इक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर हेल्पलाइन पोर्टल के तहत एक खास मोबाइल फोन बांटने का कार्यक्रम आयोजित किया, जिसमें 120 खोए और चोरी हुए मोबाइल फोन आरोपियों से बरामद करके उनके असली मालिकों को सौंप दिए गए।
यह ऑपरेशन एस.एस.पी. गुरदासपुर के दिशा निर्देश के तहत किया गया। गुरदासपुर पुलिस ने डिजिटल ट्रैकिंग टेक्नीक और पोर्टल की मदद से खोए और चोरी हुए मोबाइल फोन की पहचान की और उन्हें ट्रेस किया। इस मौके पर एस.एस.पी. गुरदासपुर आदित्य ने बताया कि असली मोबाइल मालिकों के वेरिफिकेशन के बाद, अलगअलग ब्रांड के ये मोबाइल फोन उन्हें लौटा दिए गए है। मालिकों को वापिस किए मोबाइल फोन की कुल अनुमानित कीमत लगभग 26 लाख रुपए है। इस मौके पर, जिले के अलगअलग हिस्सों से आए लोगों को उनके मोबाइल मिले और उन्होंने गुरदासपुर पुलिस की कोशिशों की तारीफ की। एस.एस.पी. आदित्य ने बताया कि सी.ई.आई.आर. पोर्टल, भारत सरकार के टेलीकम्युनिकेशन डिपार्टमेंट की एक जरूरी पहल है, जो खोए या चोरी हुए मोबाइल फोन को ब्लॉक करने, उनके गलत इस्तेमाल को रोकने और ट्रैकिंग के जरिए उन्हें वापस पाने में मदद करता है।
उन्होने कहा कि गुरदासपुर पुलिस आम लोगों से अपील करती है कि अगर उनका मोबाइल फोन खो जाए या चोरी हो जाए, तो वे तुरंत पोर्टल पर या अपने सबसे पास के सांझ केंद्र/पुलिस स्टेशन पर इसकी रिपोर्ट करें, ताकि मोबाइल फोन वापस पाने के लिए समय पर कार्रवाई की जा सके। उन्होने कहा कि जिला पुलिस गुरदासपुर जिले में कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए वचनबद्व है, पंरतु जन सहयोग से हमारा लक्ष्य आसानी से पूरा हो सकता है। लोगों को चाहिए कि यदि उनके इलाके में कोई नशा तस्करी करता है या नशा बेचने का अवैध धन्धा करता है तो उसकी सूचना पुलिस को दी जाए। पुलिस जानकारी देने वाले का नाम पता गुप्त रखेगी। उन्होने स्पष्ट किया कि जिला पुलिस में किसी तरह का भ्रष्टाचार या लापरवाही बर्दाश्त नही की जा सकती है। पुलिस का काम जनता की सेवा करना है तथा लोगों की जान माल की रक्षा करना है।



